पंजाब के राज्यपाल एवं यू.टी. चंडीगढ़ के प्रशासक श्री गुलाब चंद कटारिया की अध्यक्षता में आज सेक्टर-10 स्थित होटल माउंटव्यू, चंडीगढ़ में प्रशासक सलाहकार परिषद (AAC) की बैठक आयोजित की गई। अपने स्वागत संबोधन में श्री एच. राजेश प्रसाद, मुख्य सचिव, यू.टी. चंडीगढ़ ने प्रशासक तथा परिषद के सदस्यों का स्वागत किया।
उन्होंने कहा कि प्रशासन समिति के अध्यक्षों के अनुभव और सुझावों को अत्यंत महत्व देता है तथा उनके सुझावों का परीक्षण कर जहां संभव हो, उनके प्रभावी क्रियान्वयन के लिए समन्वय सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है। बैठक के दौरान चंडीगढ़ प्रशासन के प्रशासनिक सचिवों ने परिषद की पिछली बैठकों में दिए गए सुझावों के संबंध में विभिन्न विभागीय विषयों पर एक्शन टेकन रिपोर्ट (ATR) प्रस्तुत की।
अधिकारियों ने परिषद को हालिया विकास, चल रही पहलों, चुनौतियों तथा अपने-अपने क्षेत्रों में आगे की कार्ययोजना से अवगत कराया। चर्चा के दौरान कानून-व्यवस्था, सामाजिक कल्याण, शिक्षा, खेल, नगर निगम, परिवहन, एस्टेट एवं शहरी अवसंरचना, चंडीगढ़ हाउसिंग बोर्ड, स्वास्थ्य, पर्यावरण संरक्षण, उद्योग, कला-संस्कृति, पर्यटन तथा विरासत संरक्षण जैसे विभिन्न विषयों पर विस्तार से विचार-विमर्श किया गया।
सलाहकार परिषद के प्रत्येक सदस्य ने शहर के विभिन्न क्षेत्रों से संबंधित महत्वपूर्ण सुझाव और सिफारिशें प्रस्तुत कीं। सदस्यों ने नागरिक अवसंरचना को सुदृढ़ करने, सार्वजनिक सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार, पर्यावरणीय स्थिरता को बढ़ावा देने, पर्यटन एवं विरासत संरक्षण को प्रोत्साहित करने तथा चंडीगढ़ में स्वास्थ्य, शिक्षा और खेल सुविधाओं को और बेहतर बनाने के संबंध में अपने विचार साझा किए। उन्होंने उभरती शहरी चुनौतियों से निपटने के लिए नागरिक भागीदारी, विभागों के बीच बेहतर समन्वय और नवाचारपूर्ण दृष्टिकोण अपनाने के महत्व पर भी बल दिया।
परिषद को संबोधित करते हुए प्रशासक श्री गुलाब चंद कटारिया ने चंडीगढ़ के विकास में निरंतर सहयोग और मार्गदर्शन देने के लिए परिषद के सदस्यों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने विभिन्न क्षेत्रों में सुशासन को मजबूत करने और सार्वजनिक सेवाओं में सुधार लाने में स्थायी समितियों की सक्रिय भूमिका की सराहना की।
प्रशासक ने कहा कि भविष्य के लिए तैयार चंडीगढ़ के निर्माण के लिए प्रशासन और परिषद के सदस्यों के संयुक्त प्रयास आवश्यक हैं। उन्होंने कहा कि शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार तथा शाम के समय ओपीडी सेवाओं की शुरुआत जैसी पहलें नागरिक-केंद्रित शासन के प्रति प्रशासन की प्रतिबद्धता को दर्शाती हैं।
उन्होंने कहा कि जहां एक ओर उल्लेखनीय प्रगति हो चुकी है, वहीं निरंतर प्रयास और सामूहिक सहयोग से आने वाली पीढ़ियों के लिए और अधिक अवसर सुनिश्चित किए जा सकेंगे। परिषद के सदस्यों ने प्रशासन द्वारा पूर्व में दिए गए सुझावों पर की गई कार्रवाई की सराहना करते हुए चंडीगढ़ के समग्र विकास और नागरिकों के कल्याण के लिए मिलकर कार्य करने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।
बैठक में श्री सौरभ जोशी, मेयर, चंडीगढ़; श्री मनीष तिवारी, सांसद; श्री सत्य पाल जैन, अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल, भारत सरकार; सुश्री किरण खेर, पूर्व सांसद; श्री विवेक प्रताप सिंह, राज्यपाल के प्रधान सचिव; डॉ. सागर प्रीत हुड्डा, डीजीपी चंडीगढ़; श्री दिप्रवा लकड़ा, सचिव वित्त; सुश्री प्रेरणा पुरी, सचिव शिक्षा; श्री अमित कुमार, आयुक्त, नगर निगम; श्री स्वप्निल एम. नाइक, सचिव आतिथ्य; डॉ. सैयद आबिद रशीद शाह, सचिव पर्यटन; श्री अभिजीत विजय चौधरी, सचिव सतर्कता; श्री प्रदीप कुमार, सचिव कृषि; श्री निशांत कुमार यादव, उपायुक्त सहित प्रशासक सलाहकार परिषद के अन्य प्रतिष्ठित सदस्य और चंडीगढ़ प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।