सहकारिता के युग पुरूष एवं भुट्टिको शॉल की आत्मा ठाकुर वेद राम की 98वीं जयंती भुट्टिको सभागार में धूमधाम से मनाई गई। इस अवसर पर मुख्य कार्यकारी अधिकारी राष्ट्रीय सहकारी संघ एन सत्यनाराण मुख्यातिथि रहे जबकि समारोह की अध्यक्षता पूर्व मंत्री एवं भुट्टिको के अध्यक्ष सत्य प्रकाश ठाकुर ने की। समारोह में ठाकुर वेद राम अंतरराष्ट्रीय व राष्ट्रीय पुरस्कारों से 11 विभूतियों को सम्मानित किया गया। इस अवसर पर नेपाल की सांसद एवं नेपाल सहकारिता फैडरेशन की उपाध्यक्षा ओम देवी मल्ला को सहकारिता के क्षेत्र में अंतरराष्ट्रीय पुरस्कार दिया गया। ओम देवी मल्ला नेपाल में सहकारिता आंदोलन की शिरोमणी मानी जाती है। इस अवसर पर भुट्टिको अध्यक्ष सत्यप्रकाश ठाकुर ने बताया कि यह पुरस्कार साहित्य, कला, भाषा संस्कृति, सहकारिता, प्रिंट मीडिया, इलैक्ट्रोनिक मीडिया और बुनकर विधा में उल्लेखनीय कार्य करने वाली विशिष्ट प्रतिभाओं को प्रदान किए जाते हैं। समारोह में वर्ष 2017-18 के लिए साहित्य क्षेत्र में विशिष्ट योगदान के लिए डॉ. हेम राज कौशिक अर्की सोलन को राष्ट्रीय पुरस्कार दिया गया जबकि प्रिंट मीडिया मे उल्लेखनीय योगदान के दृष्टिगत (स्व. डॉ. टीडीएस आलोक) की स्मृति में आलोक कुमार संपादक एनसीयूआई पत्रिका दिल्ली को राष्ट्रीय पुरस्कार प्रदान किया गया।
वहीं डॉ. जगदीश शर्मा वाईस प्रिसिंपल एसीएसटीआई शांगटी शिमला को भी सहकारिता के क्षेत्र में वेद राम राष्ट्रीय पुरस्कार दिया गया। इसके अलाबा, बुनकर क्षेत्र में अमला ब्रह्मा कोकराझार आसाम, टिकमें राम भुट्टि कालौनी रामी देवी भुट्टि कालौनी को ठाकुर वेदराम राष्ट्रीय पुरस्कार से अलंकृत किया गया। इसी के साथ वर्ष 2017-18 के लिए भुट्टिको, द्वारा प्र्रतिवर्ष प्रदान किये जाने वाले पुरोहित चंद्रशेखर बेवस लोक साहित्य राष्ट्रीय पुरस्कार के लिए डॉ. विनोद कुमार तनेजा अमृतसर को इस राष्ट्रीय पुरस्कार से सुशोभित किया गया वहीं चांद कुल्लवी लाल चंद प्रार्थी, पहाड़ी कला संस्कृति राष्ट्रीय पुरस्कार से प्रसिद्ध लोक कलाकार बलवीर ठाकुर हणोगी, को सम्मानित किया गया। इसके अतिरिक्त लाईफ टाईम अचीवमैंट अवार्ड इस वर्ष कर्ण सिंह गुलेरिया व मास्टर शमशेर सिंह सुल्लतानपुर कुल्लू को प्रदान किए गए। मास्टर शमशेर सिंह को यह आवार्ड 105 वर्ष पूरे होनें पर मिला है। कर्ण सिंह गुलेरिया जहां लोगों को आखों का जीवन दान दे रहे हैं वहीं मास्टर शमशेर सिंह ने शिक्षा की अलख जगाई है।
इस अवसर पर मुख्यातिथि एन सत्य नारायण ने कहा कि भुट्टिको ने सहकारिता के क्षेत्र में दुनियाभर में नाम कमाया है। उन्होंने कहा कि आज कुल्लू शॉल, टोपी, मफलर व अन्य हस्तबुनकर व हथकरघा उत्पादों की पहचान देश दुनिया में हुई है तो वह ठाकुर वेद राम का अथक प्रयास है और सत्य प्रकाश ठाकुर इस क्रम को जारी रखते हुए सहकारिता आंदोलन को दुनियाभर में बढ़ावा दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि सभी लोगों को सहकारिता आंदोलन में बढ़चढ़ कर भाग लेना चाहिए क्योंकि सहकारिता देश की आर्थिकी की रीढ़ की हड्डी है। इस अवसर पर पूर्व मंत्री एवं भुट्टिको के चेयरमैन सत्य प्रकाश ठाकुर ने मुख्यातिथि का जहां भव्य स्वागत किया वहीं अन्य अतिथियों के अलावा अंतरराष्ट्रीय व राष्ट्रीय पुरस्कार प्राप्त करने वाले विभूतियों का भी आभार प्रकट किया कि वे इतनी दूर से यहां पहुंचे। उन्होंने कहा कि आज बुनकरों को पावरलूम से मुकाबला करना पड़ रहा है। लेकिन भारत सरकार द्वारा जो बुनकरों को सहायता मिल रही है उसका परिणाम है कि आज हर बुनकर पावरलूम से मुकाबला करने में सक्ष्म है। उन्होंने कहा कि यदि आज कुल्लू के बुनकरों का उत्पाद देश विदेश में प्रसिद्ध है तो इसमें ठाकुर वेद राम का भी अहम योगदान है। उन्होंने बताया कि भुट्टिको द्वारा हर वर्ष वेद राम जयंती पर विभिन्न क्षेत्रों में सराहनीय कार्य करने वाली प्रतिभाओं को यह पुरस्कार दिए जाते हैं।