प्रधानमंत्री बनने के बाद पहली बार इलाहाबाद पहुंचे नरेंद्र मोदी संगम परेड ग्राउंड पर आयोजित रैली में उत्तर प्रदेश के दो पूर्व मुख्यमंत्रियों मुलायम सिंह यादव व मायावती पर काफी आक्रामक दिखाई दिए। मोदी ने दोनों नेताओं पर करारा हमला करते हुए कहा कि माया-मुलायम के बीच उत्तर प्रदेश को लूटने की जुगलबंदी हुई है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रैली स्थल पर अपार जनसमूह को संबोधित करते हुए ये बातें कहीं। उत्तर प्रदेश में पहली बार एक मंच पर मोदी के साथ भाजपा के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी, मुरली मनोहर जोशी, कलराज मिश्र, मनोज सिन्हा और अमित शाह दिखाई दिए।इसके अलावा, मंच पर मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चैहान, गुजरात की मुख्यमंत्री आनंदी बेन पटेल, छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री रमन सिंह, राजस्थान की मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे और रक्षामंत्री मनोहर पर्रिकर भी मौजूद थे।
मोदी ने कहा, "विधानसभा चुनाव से पहले मुलायम ने कहा था कि उत्तर प्रदेश में समाजवादी पार्टी (सपा) की सरकार बनी, तो मायावती के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी और यही बातें अब मायावती कह रही हैं। आए दिन वह यही कहती नजर आती हैं कि अगर प्रदेश में बहुजन समाज पार्टी (बसपा) की सरकार बनी, तो मुलायम के खिलाफ कार्रवाई करेंगी। सही बात यह है कि इन दोनों नेताओं की जुगलबंदी ने उत्तर प्रदेश को लूट के दलदल में धकेल दिया है।"मोदी ने उत्तर प्रदेश सरकार के खिलाफ आक्रामक रुख अख्तियार करते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश के विकास के यज्ञ में भाई-भतीजावाद, जातिवाद, परिवारवाद, भ्रष्टाचार और गुंडाराज की आहूति देनी पड़ेगी। अगले विधानसभा में इन सबकी आहूति मिलने के बाद ही प्रदेश विकास के पथ पर आगे बढ़ सकेगा।
प्रधानमंत्री ने कल्याण सिंह व राजनाथ सिंह की सरकारों का जिक्र करते हुए कहा कि हमने उत्तर प्रदेश में अच्छी सरकार चलाकर दिखाई है। आगे अगर मौका मिलेगा, तो सरकार पूरी ताकत लगाकर उत्तर प्रदेश का विकास करेगी।उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं से कहा, "उत्तर प्रदेश ने देश को प्रधानमंत्री, गृहमंत्री व रक्षामंत्री दिए हैं। अब समय आ गया है कि प्रदेश में सरकार बनाकर उस ऋण को चुकता करने का काम किया जाए।"मोदी ने जनता से अपील करते हुए कहा कि एक बार उत्तर प्रदेश में सरकार बनाने का मौका दीजिए। सरकार बनने के बाद यदि हम निजी स्वार्थों में लिप्त पाए जाएं, तो आप लोग हमें प्रदेश से लात मारकर बाहर निकाल दीजिएगा।उत्तर प्रदेश में बिजली को लेकर केंद्र सरकार की ओर से किए गए कार्यो का उल्लेख करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि प्रदेश में 1529 गांव ऐसे थे, जहां बिजली का खंभा भी नहीं पहुंचा था। लेकिन, पिछले दो वर्षो के दौरान हमने देश के 18,000 गांवों में बिजली का खंभा पहुंचाने का काम किया है। उत्तर प्रदेश के 1529 में से 1352 गांवों में न सिर्फ बिजली का खंभा लग गया है, बल्कि बिजली की आपूर्ति भी हो रही है।