Friday, 05 June 2026

 

 

खास खबरें सांसद तनमनजीत सिंह ढेसी ने ब्रिटेन में हत्या मामले के बाद सिखों को निशाना बनाने पर कट्टर दक्षिणपंथी पार्टियों की कड़ी आलोचना की नरेंद्र मोदी ने जेन फ्रेजर से मुलाकात कर भारत की विकास प्राथमिकताओं को आगे बढ़ाने के अवसरों पर चर्चा की हर व्यक्ति साइक्लिंग को अपने जीवन का अभिन्न अंग बनाए : विधायक रुपिंदर सिंह हैप्पी मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के ऐलान के 24 घंटों के भीतर पंजाब सरकार द्वारा निजी स्कूलों द्वारा मनमाने तरीके से फीस वृद्धि पर रोक लगाने के लिए कानून का मसौदा तैयार करने के आदेश गुलाब चंद कटारिया ने वर्ष 2026-27 की वृक्षारोपण तैयारियों की समीक्षा की आप ने भाजपा की ‘इस्तेमाल करो और फेंको’ की राजनीति की आलोचना की, जाखड़ और बिट्टू का हवाला दिया डोनाल्ड ट्रंप ने युद्ध शक्तियों पर संसद के मतदान को बताया 'फिजूल' सरबजीत सिंह झिंझर की ‘बोलेगा घनौर बदलेगा दौर’ पदयात्रा के छठे दिन घनौर में पेयजल संकट की हकीकत आई सामने इंडोनेशिया ओपन : पीवी सिंधु और आयुष शेट्टी की हार के साथ भारत का सिंगल्स अभियान समाप्त तेल आयात कम करने से लेकर किसानों की समृद्धि तक : हरदीप सिंह पुरी ने पहले फ्लेक्स-फ्यूल यात्री वाहन का शुभारम्भ किया भारत और ब्रिटेन ने महत्वपूर्ण खनिज आपूर्ति श्रृंखला वेधशाला शुरू की 144 वर्षों में किसी सरकार ने नहरों का पानी नहीं लेने दिया, मुख्यमंत्री भगवंत मान किसानों के मसीहा बने : मनविंदर सिंह ग्यासपुरा पीएम मोदी के नेतृत्व में पूर्वोत्तर ने देखा ऐतिहासिक बदलाव : सीएम पेमा खांडू हरपाल सिंह चीमा ने मुलाजिम यूनियनों से की मुलाकात मंत्रिमंडल की बैठकों में लिए गए 99 प्रतिशत निर्णय पूरी तरह कार्यान्वितः जगत सिंह नेगी मंत्रिमंडलीय उप-समिति की बैठक आयोजित एमवाई भारत ने 3.9 लाख क्विज़ पार्टिसिपेंट्स के साथ गिनीज़ वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाया जितिन प्रसाद ने आईआईएफटी में जीबीआरसी 2026 का उद्घाटन किया शिमला पहाड़ी चौक की वर्षों पुरानी जलभराव समस्या का समाधान पंजाब पुलिस ने बड़ी आतंकी साजिश को किया नाकाम रोटरी क्लब रोपड़ सेंट्रल के डिस्ट्रिक्ट गवर्नर रवि प्रकाश का आधिकारिक दौरा

 

अनेकता में एकता, सौहार्द तथा प्रीत प्यार का महाकुम्भ, 71वाँ वार्षिक निरंकारी सन्त समागम सम्पन्न

Listen to this article

Web Admin

Web Admin

5 Dariya News

समालखा (पानीपत) , 30 Nov 2018

Last updated on: Nov 30, 2018, 00:00 IST

सन्त निरंकारी मिशन का 71वां वार्षिक संत समागम गन्नौर और समालखा के बीच जी.टी. रोड स्थ्ति सन्त निरंकारी आध्यात्मिक स्थल पर 24 नवम्बर, 2018 को आरम्भ हुआ और 26 नवम्बर को देर रात सम्पन्न हुआ। देशभर तथा दूर देशों से आये हुये पांच लाख से भी अधिक निरंकारी भक्तों तथा अन्य प्रभु प्रेमियों ने समागम का आनन्द लिया और तीनों दिन एक सुन्दर वातावरण बना रहा।इस समागम की मुख्य विशेषता यह रही कि यह पहला वार्षिक सन्त समागम था जो मिशन की अपनी 600 एकड़ से भी अधिक भूमि पर आयोजित किया।यह सन्त समागम मिशन के पूर्व प्रमुख सद्गुरु माता सविंदर हरदेव जी महाराज के प्रति समर्पित किया गया । समागम का मुख्य विषय ’’माँ सविंदर - एक रोशन सफर’’ रखा गया। इस तरह माता सविंदर जी द्वारा दी गई शिक्षाओं पर बल दिया गया कि ब्रह्मज्ञान को अपने दैनिक जीवन में अपनायें ताकि प्रेम, करुणा, शान्ति, सहनशीलता एवं एकता जैसे मानवीय गुण हमारे जीवन से परिलक्षित हों।समागम का शुभारम्भ शनिवार 24 नवम्बर को उस समय हुआ जब लगभग 1.00 बजे सद्गुरु माता सुदीक्षा जी का समागम स्थल पर आगमन हुआ।उनका स्वागत समस्त साध संगत की ओर से फूलों के गुलदस्ते भेंट करते हुए सन्त निरंकारी मण्डल के अध्यक्ष श्री गोबिन्द सिंह जी तथा केन्द्रीय योजना तथा सलाहकार बोर्ड के चेयरमेन श्री खेमराज चड्ढा जी नेकिया। तत्पश्चात् समागम कमेटी के सदस्यों तथा देशतथा दूर देशों से आये हुए प्रचारक एवं प्रबंधक महापुरूषों ने उनकी एक खुले वाहन में शोभा यात्रा के रूप में मुख्य मंच तक अगवाई की। मंच पर आसीन होते ही सद्गुरु माता जी ने ‘मानवता के नाम संदेश’ देकर पहले दिन के सत्संग कार्यक्रम का शुभारंभ किया। सत्संग कार्यक्रम के अंत में सद्गुरु माता सुदीक्षा जी ने कहा कि सत्संग कोई रस्म नहीं बल्कि ये एक ज्ञानी सन्तजनों का अद्वितीय मिलन है। जब वे अपने निजी आध्यात्मिक अनुभव से बोलते हैं तो उनके हर शब्द से हमें प्रेरणा प्राप्त होती है। इसलिए हमें उन्हें बड़े ध्यान से सुनना चाहिए।सद्गुरु माता जी ने कहा कि हम जब भी सत्संग में शामिल होते हैं तो हमें पूरी मर्यादा और अनुशासन का पालन करना चाहिए।समागम के आरंभिक सत्र में हरियाणा के मुख्य मंत्री माननीय श्री मनोहर लाल जी पधारे। इस अवसर पर अपने भाव व्यक्त करते हुए माननीय मुख्य मंत्री जी ने हरियाणा की पावन भूमि में मिशन का इस अंतर्राष्ट्रीय संत समागम आयोजित करने पर सद्गुरु माता जी का आभार प्रकट किया।

दूसरे दिन सेवादल रैली एक मुख्य आकर्षण था जिसमें देश भर से आये हुए सेवादल के हजारों बहन भाईयों ने भाग लिया। दूर देशों से आये सेवादल ने भी रैली में भाग लिया। कुछ शारीरिक व्यायाम के बाद उन्होंने मिशन के संदेश पर आधारित कुछ शारीरिक करतब प्रस्तुत किए और सेवा को ईश्वर और सद्गुरु के प्रति भक्तिभाव प्रकट करने के प्रभावी साधन के रूप में दर्शाया।सेवादल रैली को अपने आशीर्वाद प्रदान करते हुए सद्गुरु माता सुदीक्षा जी ने कहा कि सेवादल मिशन की आन, बान और शान है। आपने कहा कि निरंकारी राजमाता जी, बाबा हरदेव सिंह जी और हजारों भक्तों ने मिशन की सेवा करने के लिए सेवादल की वर्दी पहनी। अतः सेवादल सदस्यों ने पहनी हुई वर्दी का पूरा सम्मान करना है। सेवादल द्वारा प्रस्तुत कार्यक्रमों की सराहना करते हुए मर्यादा एवं अनुशासन का पालन करने वाले सेवादल को सद्गुरु माता जी ने आशीर्वाद प्रदान किया। उन्होंने कहा कि श्रद्धा, समर्पण और विश्वास रखने वाले इन भक्तों के हाथ मिशन का भविष्य उज्ज्वल है।दूसरे दिन के सत्संग कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए सद्गुरु माता सुदीक्षा जी महाराज ने कहा कि संत हमेशा जीवन के हर क्षेत्र में कृतज्ञता का भाव धारण करते हैं। मानवीय मूल्यों के महत्व पर बल देकर सद्गुरु माता जी ने कहा कि इनका प्रयोग एकत्व के पुल बनाने में हो न कि मानव को मानव से दूर करने के लिए दीवारें बनाने में, और यह ब्रह्मज्ञान प्राप्त करने से ही सम्भव है।समागम के अन्तिम दिन सद्गुरु माता जी ने कहा कि ज्ञान की रोशनी से नफरत प्यार में बदल जाती है और यह तभी संभव होता है जब हमें एक निरंकार प्रभु परमात्मा की जानकारी हासिल हो जाती है। निरंकारी मिशन का यही सन्देश है कि आपस में जाति-पाति का कोई भी भेद-भाव नहीं होना चाहिए।उन्होंने आगे कहा कि सभी सन्तों ने आने वाले साल में भी तन-मन-धन की सेवा करनी है, सत्संग व सिमरण जीवन में उतारना है। सत्संग में आने का कोई हिसाब नहीं होता और यह कोई रीति-रिवाज नहीं है। प्रेम में कोई हिसाब ही नहीं होता।उन्होंने कहा कि समालखा के इस आध्यात्मिक स्थल को बाबा जी की बनाई गई योजना के अनुसार और इसके साथ ही दिल्ली में बनने वाले हैल्थ सिटी के कार्य को आरम्भ किया जायेगा और इस कार्य को साध संगत ने साथ मिलकर पूरा करना है।सत्संग के दौरान भक्तों ने गीत, व्याख्यान एवं कविताओं द्वारा अपने भाव पंजाबी, हिंदी, तेलुगु, मल्यालम, मराठी, अंग्रेजी, मुलतानी, छत्तीसगढ़ी, संस्कृत, सिंधी, पहाड़ी, बंजारा, राजस्थानी, भोजपुरी, बंगाली आदि भाषाओं का सहारा लेते हुए व्यक्त किए। 

प्रदर्शनी

समागम में पहली बार एक ही स्थान पर चार प्रदर्शनियां लगाई गई। इनमें से मुख्य ’निरंकारी प्रदर्शनी’ का एक बहुत बड़ा भाग सद्गुरु माता सविंदर हरदेव जी महाराज के जीवन एवं शिक्षाओं के प्रति समर्पित था। शीर्षक थाः माँ सविंदर-एक रोशन सफर। इसके अतिरिक्त यह प्रदर्शनी मिशन के इतिहास के साथ-साथ समागम, सद्गुरु की भारत तथा दूर देशों की कल्याण यात्राओं तथा समाज कल्याण की गतिविधियों को दर्शा रही थी। सन्त निरंकारी चेरिटेबल फाउंडेशन द्वारा अपनी गतिविधियों को दुर्लभ माॅडलों तथा फोटो द्वारा एक अलग प्रदर्शनी में प्रस्तुत किया गया। इसमें रक्तदान शिविर, वृक्षारोपण तथा सफाई अभियान तथा युवा एवं महिला सशक्तीकरण इत्यादि कार्यों को प्रदर्शित किया गया। इसके साथ स्वास्थ्य एवं समाज कल्याण विभाग की भी अपनी प्रदर्शनी थी। यहाँ स्वस्थ रहने के लिए विभिन्न गुर बताए गए थे।गत् वर्षों की भांति मिशन की चण्डीगढ़ शाखा द्वारा ’बाल प्रदर्शनी’ का आयोजन किया गया। यह प्रदर्शनी बच्चों के द्वारा माडल तथा एनीमेशन के आधार पर तैयार की गई थी। इसका उद्देश्य था मिशन के सिद्धान्तों को बच्चों के दृष्टिकोण से प्रदर्शित करना।

 

Tags: Nirankari

 

 

related news

 

 

 

Photo Gallery

 

 

Video Gallery

 

 

5 Dariya News RNI Code: PUNMUL/2011/49000
© 2011-2026 | 5 Dariya News | All Rights Reserved
Powered by: CDS PVT LTD