आज लेबर कमिशनर कार्यालय, पंजाब में श्रम विभाग के उच्चाधिकारियों की पहली मीटिंग की अध्यक्षता करते श्रम मंत्री पंजाब बलबीर सिंह सिद्धू ने राज्य के निर्माण श्रमिकों, फैक्ट्री वर्करज़, दूसरे पेशों और आउटसोर्सिंग स्कीम अधीन कार्य कर रहे ठेकेदारों को श्रम विभाग अधीन रजिस्टर करने के लिए आदेश दिए।श्री सिद्धू द्वारा विभाग का पद संभालने के बाद आज लेबर कमिशनर पंजाब के कार्यालय में उच्चाधिकारियों की मीटिंग बुलाई गई थी। मीटिंग दौरान विभाग द्वारा श्रमिकों के कल्याण के लिए चलाईं जा रही विभिन्न स्कीमों का जायज़ा लेते श्री सिद्धू ने विशेष तौर पर श्रमिकों को स्वास्थ्य सुविधाएं मुहैया करवाने पर ज़ोर दिया। इस कडी़ के अंतर्गत उन्होंने विभाग के अधिकारियों को हिदायतें दीं कि पंजाब बिल्डिंग एंड अदर कंस्ट्रक्शन वर्करज़ वैलफेयर बोर्ड की तरफ से मोबाईल लैब -कम -एंबुलेंस वैनों की खरीद की जाये और बड़े शहरों में ऐसी एक -एक वैन तैनात की जाये जिससे कंस्ट्रक्शन साईटों और लेबर चौराहोंपर मौजूद श्रमिकों का मौके पर ही मैडीकल चैकअप किया जाये। उन्होंने कहा कि ज़रूरत पडऩे पर दवाएँ भी बोर्ड द्वारा ही मुहैया करवाई जाए।
श्री सिद्धू द्वारा श्रमिकों को सस्ती दरों और मकान निर्माण करने के लिए मौजूदा हाउसिंग स्कीम का अधिक से अधिक लाभ देने के आदेश दिए कि जिन निर्माण श्रमिकों के पास अपनी ज़मीन है उनको अपना मकान बनाने के लिए बोर्ड की तरफ से वित्तीय सहायता दी जाये। श्रम मंत्री ने यह भी कहा कि निर्माण श्रमिकों की सुविधा के लिए ब्लाक स्तर पर बोर्ड की तरफ से कंप्यूटर आपरेटर तैनात किये जिससे निर्माण श्रमिकों को छोटे -छोटे कामों के लिए जिला दफ्तरों में न जाना पड़े। श्रम मंत्री ने विभाग के कामों की समीक्षा दौरान इस बात पर चिंता का प्रगटावा भी किया कि कई निगमों और समितियाँे की तरफ से निर्माण के कामों सम्बन्धित सैस प्राप्त किया जाता है जिसको मुकम्मल तौर पर श्रम विभाग के पास जमा नहीं करवाया जाता।इस उपरांत श्री सिद्धू ने अधिकारियों को श्रम भवन की इमारत के निर्माण की प्रक्रिया को जल्द मुकम्मल करने के आदेश भी दिए।इस मीटिंग में शगुन स्कीम, दाह -संस्कार और अंतिम क्रिया -कर्म के लिए वित्तीय सहायता, जनरल सजऱ्री और बीमारियों के इलाज के लिए वित्तीय सहायता, बालिका जन्म तोहफ़ा स्कीम आदि का भी मुल्यांकन किया गया।