जम्मू-कश्मीर पर्यटन विकास निगम (जेकेटीडीसी) द्वारा आयोजित चार दिवसीय हरीसा फेस्टिवल आज यहां शुरू हुआ। जेकेटीडीसी के प्रबंध निदेशक, डॉ शाहिद इकबाल चौधरी ने फेस्टिवल का उद्घाटन किया।हरीसा फेस्टिवल टीआरसी परिसर जम्मू में वाजवान रेस्तरां में निगम द्वारा आयोजित किया जा रहा है। हरीसा के अलावा, मेहमानों को फेस्टिवल में परंपरागत कश्मीरी बेकरी और नून चाय (नमक चाय) की परोसी जाएगी।तापमान में गिरावट होने पर, हरीसा कश्मीर में एकदम सही और पसंद किया जाने वाला नाश्ता है, जिसे मटन को पीस कर एक पेस्ट बना कर तैयार किया जाता है और इसे पकाने के दौरान सुगंधित मसालों का उपयोग किया जाता है।डॉ शाहिद ने कहा, ‘‘हम फेस्टिवल के लिए हरीसा और परंपरागत कश्मीरी बेकरी तैयार करने के लिए कश्मीर से विशेषज्ञ रसोइयों लाए हैं।’’ उनका कहना है कि फेस्टिवल के दौरान हरीसा मेहमानों के लिए सुबह 7 बजे से 9 बजे तक उपलब्ध होगा। लोगों की बड़ी संख्या, ज्यादातर राज्य के बाहर से आने वाले पर्यटकों, ने आज सुबह वाजवान रेस्तरां में कश्मीरी हरीसा और बेकरी स्वाद चखा। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक हरीसा में मटन से पोषण मूल्य दोगुना है, विशेष रूप से जब इसे सुबह जल्दी खाया जाता है। हरीयसा जंक फूड की तुलना में काफी बेहतर है। इसमें कोई संरक्षकया रासायनिक तत्व नहीं होता है। यह प्रोटीन और वसा का एक समृद्ध स्रोत है, और यह ऊतकों के पुनर्निर्माण में भी मदद करता है। हालांकि, इसे सीमित मात्रा में लिया जाना चाहिए।