आम आदमी पार्टी (आप) के नेता आशुतोष ने राष्ट्रीय महिला आयोग (एनसीडब्ल्यू) से गुरुवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तथा भारतीय जनता पार्टी के अध्यक्ष अमित शाह द्वारा मोदी के गुजरात के मुख्यमंत्री रहने के दौरान एक महिला की कथित जासूसी वाले मामले को संज्ञान में लेने और उनसे पूछताछ करने की अपील की। आयोग ने आशुतोष की शिकायत स्वीकार कर ली है और कार्रवाई का भरोसा दिया है। आशुतोष 5 सितंबर को भेजे गए समन के बाद गुरुवार को आयोग के समक्ष पेश हुए। आयोग के कार्यालय से बाहर निकलने के बाद आशुतोष ने संवाददाताओं से कहा, "मैं यहां इसलिए पेश हुआ, क्योंकि मुझे अपने देश के संविधान और इसके द्वारा स्थापित संस्थानों पर पूरा भरोसा है।"
उन्होंने आगे बताया, "मैंने उन्हें कहा कि आपका पत्र (समन) मेरे मौलिक अधिकारों का हनन करता है। संविधान ने मुझे अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता का अधिकार दिया है।"राष्ट्रीय महिला आयोग ने आशुतोष को दिल्ली के बर्खास्त मंत्री संदीप कुमार के समर्थन में लिखे एक लेख के खिलाफ समन भेजा, जिसे आयोग ने महिलाओं को लेकर 'अपमानजनक और नीचा दिखानेवाला' पाया। संदीप कुमार का पिछले महीने एक सेक्स वीडियो सामने आने के बाद मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने उन्हें मंत्रिमंडल से निकाल दिया था। आशुतोष ने कहा, "मैंने उन्हें कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जो एक शादीशुदा आदमी हैं, लेकिन उन पर उनसे आधी उम्र की एक महिला का उत्पीड़न का आरोप है। उस समय वह गुजरात के मुख्यमंत्री थे। इस संबंध में आईएएस अधिकारी प्रदीप शर्मा जो पीड़ित था, उसने सर्वोच्च न्यायालय में एक हलफनामा दिया है।"
उन्होंने कहा कि इस मामले के संबंध में रिकार्ड फोन कॉल सार्वजनिक रूप से उपलब्ध है, जिसमें भाजपा के अध्यक्ष अमित शाह खुफिया एजेंसियों की निगरानी कर रहे हैं और निर्देश दे रहे हैं। लेकिन आज तक इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं की गई। आशुतोष ने अपने लिखित जवाब के साथ शर्मा के हलफनामे की फोटोकॉपी और ऑडियो क्लिप भी आयोग के समक्ष पेश किया। उन्होंने कहा, "मैंने शिकायत की है कि किस तरह संवैधानिक पद पर बैठे एक व्यक्ति ने एक महिला का उत्पीड़न किया। गुजरात की पुलिस व खुफिया एजेंसी ने किस तरह महिला की जासूसी की।"
आशुतोष ने कहा कि अगर इतने गंभीर मामले की महिला आयोग जांच नहीं करता, तो देश की महिलाएं इस निकाय के प्रति अपना भरोसा खो देंगी। उन्होंने कहा, "ललिता कुमारामंगलम (महिला आयोग की अध्यक्ष) ने कृपापूर्वक मेरी शिकायत स्वीकार कर ली और अपने कार्यालय को शिकायत दर्ज करने और कार्रवाई करने को कहा।"आशुतोष ने कहा, "अब मैं निश्चिंत हूं कि इस जासूसी मामले की निष्पक्ष जांच होगी और आयोग द्वारा मोदी जी और अमित शाह जी को भी समन भेजा जाएगा और जिस तरीके से मुझसे पूछताछ की गई, उनसे भी की जाएगी।