मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने अपनी सरकार का 2 साल का रिपोर्ट कार्ड पेश किया। साथ ही उन्होंने आगामी समय की कार्य योजना की भी चर्चा की। उन्होंने कहा कि राज्य में नक्सलवाद की कमर टूट गई है और वर्ष 2028 में होने वाले सिंहस्थ के मद्देनजर उज्जैन में हरिद्वार जैसी धार्मिक नगरी और संतों के लिए आश्रम बनाए जाएंगे।
राजधानी में सीएम मोहन यादव ने भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल सहित अपने मंत्रिमंडल के सहयोगियों के साथ राज्य सरकार का रिपोर्ट कार्ड पेश किया। उन्होंने राज्य की कानून व्यवस्था की चर्चा करते हुए कहा कि यह बड़ी समस्या थी और बालाघाट में नक्सलवाद एक बड़ी चुनौती थी। देश के गृहमंत्री अमित शाह ने मार्च 2026 तक नक्सलवाद खत्म करने का लक्ष्य तय किया है।
राज्य के पुलिस अधिकारियों ने बालाघाट में नक्सलवाद को खत्म कर दिया है। बालाघाट के अलावा मंडला और डिंडोरी में नक्सलवाद पर बड़ी उपलब्धि मिली है, क्योंकि इसके लिए राज्य के पुलिस जवानों से लेकर आम लोगों ने भी बड़ी कीमत चुकाई है। दरअसल, राज्य में पुलिस बल को नक्सलवाद की कमर तोड़ने में बड़ी सफलता हासिल हुई है।
जहां एक साथ 10 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया था, वहीं गुरुवार को भी पुलिस को बड़ी सफलता मिली। राज्य की धार्मिक नगरी उज्जैन में वर्ष 2028 में सिंहस्थ होने वाला है। राज्य सरकार यहां आने वाले श्रद्धालुओं से लेकर संतों तक के लिए बेहतर व्यवस्थाएं करने में जुटी है। मुख्यमंत्री यादव ने कहा कि उज्जैन में हरिद्वार की तरह धार्मिक नगरी बनाई जाएगी और साधु-संतों के लिए स्थाई आश्रम बनाए जाएंगे।
उन्होंने कहा कि 13 अखाड़ों के महामंडलेश्वर साधु संतों को आवश्यक जमीन भी उपलब्ध कराई जाएगी। वहीं, साधु संत शिप्रा नदी में स्नान कर सकें, इसके लिए भी विशेष योजना बनाई गई है। उन्होंने राज्य में चल रही नदी जोड़ो योजना की चर्चा करते हुए कहा कि राज्य में लगातार सिंचाई का रकबा बढ़ रहा है और नदी जोड़ो योजना अमल में आ रही है। एक तरफ राज्य में जहां केन-बेतवा लिंक योजना में काम चल रहा है, वहीं चंबल, पार्वती और काली सिंध को भी जोड़ा जा रहा है।