हरियाणा के लोक निर्माण मंत्री श्री रणबीर सिंह गंगवा ने कहा कि प्रदेश के विभिन्न जिलों में भारी बारिश और ड्रेन टूटने से किसानों की फसलों व लोगों की संपत्ति को भारी नुकसान पहुंचा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार किसानों और आमजन को किसी भी प्रकार की परेशानी नहीं आने देगी तथा हर प्रभावित व्यक्ति को शीघ्र राहत पहुंचाई जाएगी।
उन्होंने बताया कि किसानों के नुकसान की भरपाई के लिए सरकार ने ई-क्षतिपूर्ति पोर्टल खोला है। इस पोर्टल पर किसान अपनी खराब हुई फसलों का विवरण अपलोड कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि अब तक जिले के 276 गांवों के 40 हजार 433 किसानों द्वारा लगभग 2 लाख 55 हजार 491 एकड़ भूमि में फसल नुकसान का पंजीकरण किया जा चुका है। सरकार शीघ्र ही इन दावों की जांच पूरी कर किसानों को मुआवजा राशि उपलब्ध करवाने की प्रक्रिया शुरू करेगी।
कैबिनेट मंत्री रणबीर सिंह गंगवा ने कहा कि केवल किसान ही नहीं, बल्कि जिन लोगों के मकानों या छतों को नुकसान पहुंचा है, उनको भी राहत दी जाएगी। राज्य सरकार का उद्देश्य हर उस परिवार तक सहयोग पहुंचाना है, जो इस आपदा से प्रभावित हुआ है। उन्होंने कहा कि संकट की इस घड़ी में सरकार पूरी मजबूती से जनता के साथ खड़ी है।
कैबिनेट मंत्री ने आगे बताया कि प्रदेश के सभी विधायक और समर्थित विधायक एक-एक महीने का वेतन बाढ़ राहत कार्यों के लिए देंगे। यह राशि मुख्यमंत्री राहत कोष में जमा कराई जाएगी ताकि प्रभावित लोगों की सहायता में इसका उपयोग हो सके। इसके अतिरिक्त मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने प्रदेश के सभी अधिकारियों और कर्मचारियों से भी अपील की है कि वे स्वेच्छा से मुख्यमंत्री राहत कोष में सहयोग दें।
उन्होंने कहा कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में सामाजिक एवं धार्मिक संस्थाएं भी लगातार मदद कर रही हैं। यह सहयोग सराहनीय है और इससे प्रभावित परिवारों को बड़ी राहत मिल रही है। कैबिनेट मंत्री ने कहा कि प्राकृतिक आपदा कठिन समय लेकर आती है, लेकिन सरकार, समाज और संगठन मिलकर इस चुनौती से भी उबर लेंगे।