कश्मीर घाटी में लगभग सभी शीर्ष अलगाववादी नेताओं को एहतियातन हिरासत में ले लिया गया है अथवा उन्हें घर में नजरबंद रखा गया है। पुलिस ने बताया कि ऐसा उन्हें शुक्रवार की रैलियों को संबोधित करने से रोकने के लिए किया गया है। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने यहां आईएएनएस से कहा कि जिन लोगों पर पुलिस ने कार्रवाई की है उनमें सैयद अली गिलानी, मीरवाइज उमर फारूक, मोहम्मद यासीन मलिक, नईम अहमद खान, जावेद मीर और हिलाल वार शामिल हैं। पुलिस के जाल से केवल साबिर अहमद शाह बचने में सफल रहे हैं। अधिकारियों ने कहा कि यह कार्रवाई कानून और व्यवस्था बनाए रखने के सरकार के दृढ़ संकल्प का पालन करने के लिए की गई है।
कट्टरपंथी अलगाववादी नेता गिलानी को उनके हैदरपुरा स्थित घर पर नजरबंद रखा गया है। उन्हें शुक्रवार की धार्मिक सभा को संबोधित करना था। गिलानी को पांच मई को भी नजरबंद रखा गया था। उन्होंने दक्षिणी कश्मीर के त्राल कस्बे में एक जनसभा को संबोधित किया था, जहां पर कुछ युवाओं ने पाकिस्तानी झंडे लहराए थे। उदारवादी हुर्रियत समूह के अध्यक्ष मीरवाइज फारूक को उनके श्रीनगर के निगीन निवास में नजरबंद रखा गया है। उन्हें दक्षिणी कश्मीर के बिजबेहरा में एक धार्मिका सभा को संबोधित करना था। मीरवाइज के नेतृत्व वाले हुर्रियत के प्रवक्ता ने कहा, "पुलिसकर्मी उनके घर पहुंचे और उन्हें घर में नजरबंद रहने की बात बताई।"
उन्होंने कहा, "मुख्यमंत्री मुफ्ती सईद का अलगाववाद समर्थक नेताओं को जगह उपलब्ध कराने का वादा धोखा निकला।"इसके अलावा अन्य उदारवादी नेताओं को भी हिरासत में लिया गया है, जिसमें जावेद मीर और हिलाल वार भी शामिल हैं। इन्हें बिजबेहरा जाते समय श्रीनगर के बाहरी इलाके में स्थित पंथ चौक के पास से एहतियातन हिरासत में ले लिया गया। जम्मू एवं कश्मीर लिबरेशन फ्रंट (जेकेएलएफ) के प्रमुख यासीन मलिक को उत्तरी कश्मीर के बारामुला कस्बा जाते समय श्रीनगर के परिंपोरा से हिरासत में लिया गया।जेकेएलएफ के प्रवक्ता ने कहा कि सोमवार को कस्बे में लगी आग में जलकर राख हुए 19 घरों के लिए मलिक राहत ट्रक लेकर जा रहे थे।
अलगाववादी नेता नईम अहमद खान को भी घर में नजरबंद रखा गया है। वह उत्तरी कश्मीर के सफापोरा में एक रैली को संबोधित करने जा रहे थे। हालांकि वरिष्ठ अलगाववादी नेता साबिर अहमद शाह शोपियां जिले में पहुंच गए हैं। यहां पर वह एक रैली को संबोधित करेंगे। पुलिस का एक दल उन्हें नजरबंद रखने के लिए उनके घर पहुंचा लेकिन तब तक वह शोपियां के लिए निकल चुके थे।