जम्मू एवं कश्मीर के सांबा जिला स्थित सैन्य शिविर पर शनिवार सुबह दो आतंकवादियों ने हमला कर कर दिया, लेकिन सुरक्षाबलों ने दोनों को मार गिराया। रक्षा मंत्री मनोहर पर्रिकर ने पाकिस्तान का नाम लिए बिना कहा कि इस तरह का प्रयास पड़ोसी देश की हताशा को दर्शाता है। मेसर सैन्य शिविर पर हमले के दौरान एक तीर्थयात्री घायल हो गया। सेना ने कहा कि दहशत के कारण उसने खुद अपने सिर में चोट लगा ली है, उसे गोली नहीं लगी है।सेना ने कहा कि हमले में शामिल दोनों आतंकवादियों को मार गिराया गया और इलाके में अभी भी तलाशी अभियान जारी है।
इलाके के ब्रिगेड कमांडर बी.एस.राणा ने संवाददाताओं से कहा कि अर्धसैनिक बल की लिबास में दो आतंकवादियों ने शनिवार सुबह सांबा जिले के 82 बख्तरबंद रेजीमेंट के मेसार शिविर पर ग्रेनेड व स्वचालित हथियारों से हमला किया, जिसके बाद उनकी सुरक्षा बलों के साथ मुठभेड़ शुरू हो गई। यह सैन्य शिविर जम्मू-पठानकोट राष्ट्रीय राजमार्ग पर जम्मू शहर से 40 किलोमीटर दूर है।आतंकवादियों ने सुबह लगभग 5.50 के आसपास हमला किया, जबकि अभियान खत्म होने में छह घंटे का समय लगा।राणा ने कहा, "सतर्क सुरक्षाकर्मियों ने मुंहतोड़ जवाब दिया, जिससे आतंकवादी शिविर में प्रवेश नहीं कर पाए। दोनों आतंकवादियों को मार गिराया गया। गोलीबारी बंद हो गई है। लेकिन इलाके में तलाशी अभियान जारी है।"
सूत्रों के मुताबिक, पहला आतंकवादी सुबह करीब 10.30 बजे मारा गया, जबकि दूसरे आतंकवादी को अपराह्न करीब एक बजे मार गिराया गया। सेना ने किसी भी जवान के घायल होने की पुष्टि नहीं की है। इससे पहले खबर आई थी कि मुठभेड़ के दौरान दो जवान मामूली तौर पर घायल हुए हैं।पुलिस ने कहा कि हमले में उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद का रहने वाला पप्पू घायल हुआ है, जिस समय हमला हुआ। वह रियासी जिले के कटरा स्थित माता वैष्णो देवी मंदिर में दर्शन करने के लिए जा रहा था।उसे सांबा जिले के अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां चिकित्सकों ने बेहतर इलाज के लिए उसे जम्मू शहर के सरकारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भेज दिया। सुरक्षा की दृष्टि से जम्मू-पठानकोट राजमार्ग पर यातायात बंद कर दिया गया। जम्मू क्षेत्र में सांबा और कठुआ जिलों के सभी स्कूलों को भी बंद किया गया ।इन दोनों जिलों में सभी परीक्षाओं को भी स्थगित कर दिया गया है।
उल्लेखनीय है कि आतंकवादियों ने 26 सितंबर 2013 को भी मेसर शिविर पर हमला किया था। उसके बाद उन्होंने कठुआ जिले के हीरानगर पुलिस थाने पर भी हमला किया गया, जिसमें 12 लोग मारे गए थे।इसी बीच, रक्षा मंत्री मनोहर पर्रिकर ने नई दिल्ली में कहा कि जब प्रतिद्वंद्वी का मनोबल गिरता है, तब वे इसे मजबूत करने के लिए ऐसा कदम उठाते हैं। पर्रिकर ने कहा कि खुफिया सूचनाएं हासिल होने में समय के साथ सुधार हुआ है और इस साल अब तक सुरक्षा बलों ने 26 आतंकवादियों को मार गिराया है, जबकि भारतीय पक्ष में काफी कम नुकसान हुआ है।उन्होंने कहा, "अपनी तरफ हुए कम नुकसान के साथ ही हमने दूसरे पक्ष को चोट पहुंचाई है।"पर्रिकर ने कहा, "यह कई सालों में सबसे बेहतरीन आंकड़ा है। नियंत्रण रेखा पर दोनों तरफ के सैनिकों के बीच भी गोलीबारी कम हुई है।"उन्होंने पाकिस्तान का नाम लिए बिना संकेत दिए कि इस प्रयास ने उस तरफ मौजूद मायूसी को जाहिर किया है। मंत्री ने कहा कि क्षेत्र के सभी इलाके एकसमान नहीं है, इसलिए आतंकवादी नाले का इस्तेमाल घुसपैठ के लिए कर सकते हैं, क्योंकि जलाशयों के कारण घुसपैठ आसान हो जाता है।