मोहाली प्रशासन द्वारा शुक्रवार रात जिला प्रशासनिक कॉम्प्लेक्स (डी.ए.सी), सेक्टर 76, मोहाली में डिप्टी कमिश्नर श्रीमती कोमल मित्तल की अगुवाई में सिविल डिफेंस मॉक ड्रिल सफलतापूर्वक आयोजित की गई। यह मॉक ड्रिल रात 8:00 बजे उच्च-निम्न ध्वनि वाले सायरन के साथ शुरू की गई, जिसके माध्यम से हवाई हमले की चेतावनी का दृश्य प्रस्तुत किया गया। इसके तुरंत बाद जिला प्रशासनिक कॉम्प्लेक्स में पूर्ण रूप से ब्लैकआउट किया गया, ताकि आपातकालीन परिस्थितियों में जन-जीवन की सुरक्षा के लिए आवश्यक उपायों का अभ्यास किया जा सके।
ब्लैकआउट के बाद बिजली बहाल कर संभावित नुकसान का आकलन किया गया। डिप्टी कमिश्नर कोमल मित्तल, जो स्वयं मौके पर मौजूद रहकर पूरी प्रक्रिया की निगरानी कर रही थीं, ने बताया कि ड्रिल के दौरान कॉम्प्लेक्स में आग लगने तथा कुछ लोगों के अंदर फंसे होने का दृश्य भी तैयार किया गया था। इस पर त्वरित कार्रवाई करते हुए राहत एवं बचाव टीमों द्वारा फंसे हुए व्यक्तियों को बाहर निकालने के लिए सर्च और रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया गया।
ड्रिल के दौरान निकासी (इवैकुएशन), अग्निशमन, चिकित्सा सहायता तथा घायलों को सुरक्षित स्थान तक पहुंचाने जैसी आपातकालीन सेवाओं का सफल प्रदर्शन किया गया।ड्रिल समाप्त होने के बाद मीडिया से बातचीत करते हुए डिप्टी कमिश्नर कोमल मित्तल ने कहा कि यह मॉक ड्रिल सफल रही और इससे आपातकालीन परिस्थितियों में तैयारी एवं त्वरित प्रतिक्रिया क्षमता का आकलन करने में मदद मिली है।उन्होंने बताया कि एन.एस.एस. वालंटियरज़, पुलिस कर्मियों तथा सिविल डिफेंस स्वयंसेवकों ने ड्रिल में भाग लिया और आपातकालीन स्थितियों में अपनी तत्परता और समन्वय का उत्कृष्ट प्रदर्शन किया।
बाद में डिप्टी कमिश्नर ने एन.एस.एस. स्वयंसेवकों और अन्य प्रतिभागियों से बातचीत कर उनकी सराहना की तथा इस अभ्यास में भाग लेने के लिए धन्यवाद दिया।उन्होंने कहा कि इस प्रकार की ड्रिल/अभ्यास आपदा प्रबंधन की तैयारियों को मजबूत करने और वास्तविक आपातकालीन परिस्थितियों में सुचारू एवं समन्वित कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए अत्यंत आवश्यक हैं।