उद्योग एवं वाणिज्य तथा पर्यटन विभाग के प्रमुख सचिव नवीन कुमार चौधरी ने आज दोनों विभागों से कहा कि वे अपने स्वामित्व वाली संपत्ति और भूमि का अधिकतम उपयोग करें।नवीन ने यह बात उद्योग एवं वाणिज्य और पर्यटन विभागों से संबंधित विभिन्न मुद्दों की समीक्षा के लिए वरिष्ठ अधिकारियों की बैठक की अध्यक्षता करते हुए कही।बैठक में राज्य औद्योगिक विकास निगम के एमडी रविंदर कुमार, पर्यटन निदेशक दीपिका के शर्मा, अतिरिक्त सचिव पर्यटन गुलजार अहमद डार, निदेशक हस्तकला मसर्रत-उल-इस्लाम, निदेशक उद्योग और वाणिज्य जम्मू अनु मल्होत्रा, निदेशक हथकरघा विकास बबीला रकवाल, एमडी जेके मिनरल्स लिमिटेड विकास गुप्ता, एमडी जेके सीमेंट लिमिटेड इश्तियाक हुसैन, निदेशक भूविज्ञान और खनन जेएंडके विकास शर्मा, एमडी जेके सिकॉप अतुल शर्मा, निदेशक जेके जेकेईडीआई तुफैल मट्टू, संबंधित विभागों के अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने भाग लिया।
प्रमुख सचिव ने दोनों विभागों को सभी लंबित मुद्दों को सुलझाने और इष्टतम उपयोग के लिए जमीन की तारबंदी करने के लिए कहा।उन्होंने दोनों विभागों के संबंधित अधिकारियों को व्यापार, ई-नीलामी और अन्य गतिविधियों को कारगर बनाने के लिए एक समिति का गठन करने का निर्देश दिया।उन्होंने कहा, ‘‘संबंधित समिति जम्मू व कष्मीर पर्यटन विकास निगम/उद्योग और वाणिज्य के लिए भर्तियों के नियमों की समीक्षा करेगी और इसे सभी संबंधित अधिकारियों को देगी।‘‘ इसके अतिरिक्त उन्होंने जम्मू व कष्मीर पर्यटन विकास निगम के सभी आउटसोर्स उपक्रमों के लिए बेस फेयर के एकीकरण का निर्देश दिया।नवीन ने अधिग्रहित भूमि पर कब्जा करने के लिए उद्योग और वाणिज्य विभाग को भी निर्देश दिया, जिसके लिए वह पहले ही भुगतान कर चुका है, और कहा कि जितनी जल्दी हो सके, इसकी तारबंदी की जाए।उन्होंने भूविज्ञान और खनन विभाग के अधिकारियों को अवैध खनन की जाँच करने और इस संबंध में उच्चतम न्यायालय के दिशानिर्देशों का पालन करने के लिए आवश्यक कदम उठाने पर जोर दिया।
संख्या 6004