सामाजिक जिम्मेदारी और युवा सशक्तिकरण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को मजबूत करते हुए, रयात बाहरा यूनिवर्सिटी ने अपने परिसर में नशा जागरूकता पर एक जिला स्तरीय वाद-विवाद प्रतियोगिता का आयोजन किया। यह कार्यक्रम यूनिवर्सिटी स्कूल ऑफ सोशल साइंसेज एंड एजुकेशन द्वारा पंजाब सरकार और अतिरिक्त उपायुक्त (विकास), मोहाली के कार्यालय के सहयोग से आयोजित किया गया था।
“नशे की लत: नशों को ना कहो” विषय के तहत आयोजित इस प्रतियोगिता का उद्देश्य युवाओं को नशे के दुरुपयोग के खतरों के प्रति जागरूक करना, साथ ही उनमें आलोचनात्मक सोच और प्रभावी संचार कौशल को बढ़ावा देना था। प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और पक्ष एवं विपक्ष में बोलते हुए आत्मविश्वास और विश्लेषणात्मक गहराई के साथ प्रभावशाली तर्क प्रस्तुत किए।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए यूनिवर्सिटी स्कूल ऑफ एजुकेशन एंड सोशल साइंसेज की डीन डॉ. इंदरप्रीत कौर ने कहा कि विश्वविद्यालय अर्थपूर्ण पहलों के माध्यम से संभावनाओं और अवसरों के बीच की खाई को लगातार भर रहा है।उन्होंने जोर देते हुए कहा कि ऐसे प्रयास न केवल करियर निर्माण में सहायक हैं, बल्कि एक अधिक समानतापूर्ण समाज के निर्माण में भी योगदान देते हैं।
यह कार्यक्रम चांसलर गुरविंदर सिंह बाहरा के नेतृत्व में आयोजित किया गया। इस अवसर पर विशिष्ट अतिथियों में निरवीर सिंह, अजयपाल सिंह और समाजसेवी दिलावर सिंह शामिल थे, जिन्होंने अपने प्रेरणादायक शब्दों से प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन किया।
प्रतिभागियों को पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया, जिससे कार्यक्रम प्रभावशाली और यादगार बन गया। इस मोके सीनियरअधिकारी गुरमुख राणा और फैकल्टी सदस्य मौजूद थे ।