पंचायत मंत्री श्री तरुणप्रीत सिंह सौंद ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में पंजाब सरकार बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में अपने स्तर पर हर तरह की राहत पहुँचाने के लिए पूरी तरह संकल्पबद्ध है, जबकि केंद्र सरकार का पंजाब के प्रति उपेक्षापूर्ण रवैया लगातार जारी है। आज यहाँ पत्रकारों से बातचीत करते हुए श्री सौंद ने कहा कि देश की सीमाओं की रक्षा हो या अन्न भंडार भरने की बात, पंजाब हमेशा अग्रणी भूमिका निभाता है, लेकिन आज जब पंजाब को मदद की ज़रूरत है तो केंद्र सरकार सहयोग से पीछे हट रही है।
उन्होंने बताया कि फ़ाज़िल्का ज़िले में राहत सामग्री वितरण का तीसरा चरण शुरू कर दिया गया है। ज़िले के 40 गाँव प्रभावित हुए हैं, जिनकी लगभग 24,930 आबादी पर असर पड़ा है। अब तक 4202 लोगों को सुरक्षित निकाला गया है, जिनमें से 2553 लोग 30 बनाए गए राहत कैंपों में शरण लिए हुए हैं। इन कैंपों में लोग अपने 1226 पशु भी साथ लाए हैं। वर्तमान में 14 राहत कैंप सक्रिय हैं।
कैबिनेट मंत्री ने बताया कि ज़िले के 6185 परिवार प्रभावित हुए हैं। राहत कार्यों में एनडीआरएफ की 4, आर्मी की 2 और बीएसएफ की 1 टीम तैनात है। अब तक 8599 राशन किटें बाँटी गई हैं, लगभग 5000 बैग कैटल फ़ीड वितरित किए गए हैं तथा 3715 तिरपाल प्रभावित क्षेत्रों में बाँटे गए हैं।
स्वास्थ्य सेवाओं के बारे में उन्होंने कहा कि ज़िले में 38 मेडिकल टीमें तथा 28 वेटरनरी टीमें कार्यरत हैं। हर ज़रूरतमंद तक राहत पहुँचाने के लिए प्रशासन ने 3 तहसीलदार, 2 नायब तहसीलदार, 3 बीडीपीओ, 58 पटवारी, 5 कानूनगो, 10 खाद्य आपूर्ति अधिकारी और 25 अन्य कर्मचारी प्रभावित गाँवों में तैनात किए हैं। बाढ़ से हुए नुक़सान का ज़िक्र करते हुए मंत्री ने कहा कि ज़िले में 123.96 किलोमीटर सड़कों को नुक़सान पहुँचा है।
सरकार प्राथमिकता के आधार पर इन सड़कों की मरम्मत करेगी। इसके अलावा 17 सरकारी इमारतों को नुक़सान पहुँचा है और लगभग 18,486 एकड़ फसल प्रभावित हुई है। एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि छोटे सैम नालों की क्षमता बढ़ाने के विकल्पों पर विचार किया जाएगा। फ़ाज़िल्का ज़िले में कच्ची ज़मीनों की समस्या को भी मुख्यमंत्री के समक्ष रखा जाएगा और जल्द समाधान निकाला जाएगा।
इस अवसर पर फ़ाज़िल्का के विधायक नरेन्द्र पाल सिंह सवना, बल्लुआणा के विधायक अमनदीप सिंह गोल्डी मुसाफ़िर, पूर्व विधायक गुरप्रीत सिंह जीपी (अध्यक्ष एससी विंग), चुसपिन्दर सिंह चाहल, डिप्टी कमिश्नर अमरप्रीत कौर संधू, एसएसपी गुरमीत सिंह, अतिरिक्त डिप्टी कमिश्नर (जनरल) डॉ. मन्दीप कौर, अतिरिक्त डिप्टी कमिश्नर (विकास) सुभाष चन्द्र और एसडीएम वीरपाल कौर भी उपस्थित थे।