पंजाब के शिक्षा मंत्री हरजोत सिंह बैंस ने आज यहां दलित नेता डा. भीमराव रामजी अंबेडकर द्वारा दी गई सेवाओं को याद किया,जिन्हें भारतीय संविधान के पिता और पीड़ितों के लिए लड़ने वाले व्यक्ति के रूप में याद किया जाता है।रयात बाहरा यूनिवर्सिटी में डा. अंबेडकर को श्रद्धांजलि देने के लिए आयोजित जिला स्तरीय समारोह में बोलते हुए बैंस ने कहा कि भारतीय संविधान के निर्माता हमेशा कई पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत बने रहेंगे।उन्होंने कहा कि डॉ. अंबेडकर ने भारतीय समाज को पूरी तरह समझा और भविष्य का मार्ग प्रशस्त किया।
इस अवसर पर बोलते हुए रयात बाहरा यूनिवर्सिटी के चांसलर और रयात बाहरा ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस के चेयरमैन गुरविंदर सिंह बाहरा ने कहा कि बाबासाहेब के नाम से लोकप्रिय, अम्बेडकर एक भारतीय विधिवेत्ता, अर्थशास्त्री, राजनीतिज्ञ और समाज सुधारक थे, जिन्होंने दलित बौद्ध आंदोलन को प्रेरित किया।उन्होंने अछूतों के प्रति सामाजिक भेदभाव के विरुद्ध अभियान चलाया तथा महिलाओं और श्रमिकों के अधिकारों का भी समर्थन किया।
इस कार्यक्रम में मालविंदर सिंह कंग सांसद श्री आनंदपुर साहिब, प्रभजोत कौर अध्यक्ष जिला योजना बोर्ड मोहाली, अध्यक्ष पंजाब युवा विकास बोर्ड परमिंदर सिंह गोल्डी मौजूद थे।मोहाली की डिप्टी कमिश्नर कोमल मित्तल ने कैबिनेट मंत्री का उनके आगमन पर स्वागत किया।
इसके बाद, मंत्री ने अनुसूचित जाति के विद्यार्थियों के लिए पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति योजना, आशीर्वाद योजना और पीएमएजीवाई योजना के पांच-पांच लाभार्थियों को पत्र वितरित किए।चांसलर गुरविंदर सिंह बहरा ने धन्यवाद प्रस्ताव प्रस्तुत किया।