गोवा सरकार को केंद्रीय एजेंसियों से संभावित आतंकी हमलों की खुफिया सूचनाएं प्राप्त हो रही हैं। मुख्यमंत्री लक्ष्मीकांत पारसेकर ने मंगलवार को राज्य विधानसभा को यह जानकारी दी। निर्दलीय विधायक रोहन खाउंते के सवाल के लिखित जवाब में पारसेकर ने कहा, "समय-समय पर केंद्रीय खुफिया एजेंसियों से सूचनाएं मिलती रही हैं। देश की सुरक्षा के मद्देनजर उनका विस्तृत ब्योरा साझा नहीं किया जा सकता है।"राज्य के गृहमंत्री का भी प्रभार संभाल रहे मुख्यमंत्री पारसेकर ने कहा कि उनके मंत्रालय ने आतंक से जुड़ी सूचना मिलने पर सभी विशेष शाखा केंद्रों, पुलिस थानों, तटीय सुरक्षा पुलिस थानों और गोवा में आतंक विरोधी दस्ता के साथ साझा करने के प्रोटोकॉल का निर्वहन किया है। इसके साथ ही चौकस नजर रखने और सभी ऐसे संदिग्ध तत्वों की खुफिया जानकारी एकत्र करने के निर्देश भी दिए गए हैं।
पारसेकर ने कहा, "किसी भी तरह के आतंकी हमले या नुकसान पहुंचाने की साजिश या गोवा की शांति एवं सद्भावना को बिगाड़ने वाले सुरक्षा की दृष्टि से संदिग्ध या खतरनाक तत्वों की पहचान के लिए सूक्ष्मता से नजर रखी जा रही है।"गोवा का समुद्र तट दुनिया के शीर्ष पर्यटन स्थलों में एक है। यह यूरोपीय पर्यटकों के बीच लोकप्रिय है। पिछले कुछ वर्षो से राज्य आतंक के निशाने पर है, क्योंकि इंडियन मुजाहिदीन के यासीन भटकल और अलकायदा के डेविड हेडली ने कथित रूप से इस राज्य की रेकी की थी।