मानसिक स्वास्थ्य को बढ़ावा देने के प्रयास में देश भगत यूनिवर्सिटी ने तनाव से मुस्कुराहट और सफलता का रहस्य विषय पर एक वर्कशाप का आयोजन किया। इस कार्यक्रम में छात्र और फैकल्टी सदस्य दोनों ने भाग लिया, जो तनाव पर काबू पाने और अपने व्यक्तिगत और व्यावसायिक जीवन में सफलता प्राप्त करने की नीतियों को सीखने के लिए एकत्र हुए थे।
इस वरकशाप में इस्कॉन के प्रतिष्ठित वक्ताओं बृजेश कुमार, सौरभ जायसवाल और राधेश्याम शर्मा ने भाग लिया, जिन्होंने तनाव प्रबंधन, खुशी और सफलता के वास्तविक अर्थ पर अपने अमूल्य दृष्टिकोण साझा किए।उनकी बातचीत में आज के समय में छात्रों और पेशेवरों द्वारा सामना किए जाने वाले बढ़ते तनाव के स्तर पर ध्यान केंद्रित किया गया तथा अधिक संतुलित और पूर्ण जीवन जीने के लिए व्यावहारिक, आध्यात्मिक और मनोवैज्ञानिक समाधान प्रस्तुत किए गए।
श्री बृजेश कुमार ने इस बात पर जोर दिया कि सफलता केवल बाहरी उपलब्धियों के बारे में नहीं है, बल्कि मानसिक स्पष्टता और भावनात्मक स्थिरता बनाए रखने के बारे में भी है।श्री सौरभ जायसवाल ने भगवद गीता की शिक्षाओं और इस्कॉन के मूल्यों से प्रेरणा लेते हुए सफलता की अवधारणा पर अपने विचार व्यक्त किए।देश भगत यूनिवर्सिटी के चांसलर डॉ. ज़ोरा सिंह ने इस पहल की प्रशंसा करते हुए कहा, इस तरह की वर्कशाप हमारे छात्रों और शिक्षकों को शिक्षा के अलावा जीवन में सफल होने के लिए आवश्यक उपकरणों से लैस करने के लिए आवश्यक हैं।
इस अवसर पर देश भगत यूनिवर्सिटी के उपाध्यक्ष डॉ. हर्ष सदावर्ती ने कहा कि यूनिवर्सिटी अपने विद्यार्थियों और फैकल्टी को स्वस्थ, खुशहाल और अधिक सफल जीवन जीने के लिए प्रेरित करने हेतु ऐसी वर्कशॉप का आयोजन जारी रखना चाहती है। इस अवसर पर देश भगत यूनिवर्सिटी की प्रो चांसलर डॉ. तेजिंदर कौर, परफॉर्मिंग आर्ट्स एवं मीडिया के निदेशक डॉ. सुरजीत पथेजा भी उपस्थित थे।