राजस्व, पुर्नवास व आपदा प्रबंधन मंत्री अरुणा चौधरी ने जिले के सभी विभागों के अधिकारियों अपने कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए और कहा कि कोई भी योग्य लाभार्थी सरकारी योजना के लाभ से वंचित न रहे। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार की ओर से अलग-अलग योजनाओं के अंतर्गत दी जा रही सुविधाएं जमीनी स्तर तक पहुंचाना सुनिश्चित बनाया जाए। वे आज जिला प्रशासकीय कांप्लेक्स में जिले में चल रहे विकास कार्यों की प्रगति की समीक्षा संबंधी आयोजित बैठक को संबोधित कर रहे थे। इस दौरान उनके साथ डिप्टी कमिश्नर अपनीत रियात, एस.एस.पी. कुलवंत सिंह हीर भी मौजूद थे।राजस्व मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि सभी विभाग आम लोगों की समस्याओं का समयबद्ध तरीके से हल करें और सरकार की जन कल्याण योजनाओं के प्रति उन्हें ज्यादा से ज्यादा जागरुक करें। उन्होंने डिप्टी कमिश्नर को निर्देश देते हुए कहा कि वे सभी विभागों को लक्ष्य देकर उनके कार्यों की समीक्षा करें। इस दौरान पंजाब सरकार की ओर से दो किलोवाट तक के बिजली कनेक्शन वाले लाभार्थियों के बकाया बिल माफ की सुविधा को जिले में सुचारु ढंग से लागू करने के निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि इस कार्य में कोई कमी न छोड़ी जाए और गांव से लेकर मोहल्लों तक लाभार्थियों के फार्म भरवा कर उसकी वैरीफिकेशन यकीनी बनाई जाए। उन्होंने बताया कि इस योजना से जिले के 37316 लाभार्थियों का 21.67 करोड़ रुपए का बकाया बिजली का बिल माफ होगा, जो कि लोगों की दी गई बड़ी राहत है।कैबिनेट मंत्री ने जिले में धान की चल रही खरीद की समीक्षा करते हुए लिफ्टिंग में तेजी लाने के लिए कहा। उन्होंने कहा कि खरीद के दौरान मंडियों में किसानों को कमी समस्या नहीं आनी चाहिए।
इस दौरान उन्होंने राजस्व विभाग से संबंधित कार्यों की समीक्षा करने के अलावा स्मार्ट विलेज योजना, 5-5 मरला प्लांट, मगनरेगा, स्मार्ट राशन कार्ड योजना, जल सप्लाई व सैनीटेशन, पेंशन स्कीम, आशीर्वाद स्कीम, स्वास्थ्य योजनाओं, कोविड-19 टीकाकरण आदि के अलावा अन्य कई योजनाओं का जायजा भी लिया।बैठक से पहले कैबिनेट मंत्री को पंजाब पुलिस की टुकड़ी द्वारा सलामी भी दी गई।डिप्टी कमिश्नर अपनीत रियात ने कैबिनेट मंत्री को भरोसा दिलाया कि उनके दिए निर्देशों का पूरा पालन किया जाएगा। उन्होंने बताया कि जिले में लोगों तक सरकार की जन कल्याण योजनाओं का लाभ पहुंचाने के लिए 28 व 29 अक्टूबर को जिला मुख्यालय व सभी सब डिविजनों में सुविधा कैंप आयोजित किए जा रहे हैं, जहां योग्य लाभार्थियों के फार्म भरवाए जाएंगे। उन्होंने बताया कि जिले में कोविड-19 टीकाकरण की 15,50,280 डोजें लगाई जा चुकी हैं, इनमें 83 प्रतिशत लाभार्थियों को पहली डोज व 46 प्रतिशत लाभार्थियों को दूसरी डोज दी जा चुकी है। उन्होंने बताया कि होशियारपुर जिला कोविड-19 बचाव संबंधी टीकाकरण लगवाने में प्रदेश में दूसरे स्थान पर है। उन्होंने बताया कि जिले में डेंगू से निपटने के लिए पूरे प्रयास जारी है और स्वास्थ्य विभाग व नगर निगम की ओर से लगातार फागिंग की जा रही है। अपनीत रियात ने जिले में धान की चल रही खरीद के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि धान की खरीद के लिए जिले में 65 मंडियां व 8 अस्थायी यार्ड बनाए गए हैं। उन्होंने कहा कि जिले में 4.48 लाख मीट्रिक टन का लक्ष्य है। उन्होंने बताया कि मंडियों में आए धान की 97 प्रतिशत पेमेंट की जा चुकी है। किसानों को मंडियों में कोई दिक्कत न आए, इसके लिए मंडियों के हिसाब से अधिकारियों की चैकिंग संबंधी ड्यूटियां लगाई गई हैं। इसके अलावा उन्होंने जिले में अन्य विकास कार्यों संबंधी भी कैबिनेट मंत्री को परिचित करवाया।इस मौके पर अतिरिक्त डिप्टी कमिश्नर(शहरी विकास) व कमिश्नर नगर निगम आशिका जैन, एस.पी(डी) रविंदर पाल सिंह संधू, सहायक कमिश्नर(सामान्य) किरपाल वीर सिंह, जिला राजस्व अधिकारी अमनपाल सिंह, जिला सामाजिक सुरक्षा अधिकारी मुकेश गौतम के अलावा अन्य विभागों के अधिकारी भी मौजूद थे।