Saturday, 13 June 2026

 

 

खास खबरें जोरहाट एयरबेस पर एएन-32 विमान दुर्घटनाग्रस्त, वायुसेना के पांच कर्मियों की मौत कविन्द्र गुप्ता ने लुधियाना स्थित स्वामी विवेकानंद मेडिटेशन पिरामिड का दौरा किया पीएम मोदी की नेतृत्व वाली केंद्र सरकार ने हमेशा हिमाचल को भरपूर आर्थिक सहायता और समर्थन दिया : जेपी नड्डा हमारा लक्ष्य शिक्षा और खेल को एक साथ आगे बढ़ाना है : धर्मेंद्र प्रधान एक्सपीरिंयस एलपीयू 2026: इंटरैक्टिव सेशन, कैंपस टूर और करियर से जुड़ी जानकारी के ज़रिए यूनिवर्सिटी लाइफ़ को जानने का मौका बेटी का सम्मान सर्वोपरि, सपा प्रमुख अपने कार्यकर्ताओं की भाषा भी संयमित कराएं : योगी आदित्यनाथ अंतरराष्ट्रीय योग दिवस 2026 से पहले ताजिकिस्तान में विशेष सत्र, शामिल हुए कीर्ति वर्धन सिंह नरेंद्र मोदी का फ्रांस और स्लोवाकिया की यात्रा से पूर्व प्रस्थान वक्तव्य मध्य प्रदेश में भाजपा ने राज्यसभा में मिली जीत पर मनाया विजय उत्सव हेल्दी एजिंग के लिए योग, 'नी मूवमेंट' से मजबूत घुटने, दूर होगा जोड़ों का दर्द सफलता का सफर आसान नहीं था, हर चुनौती ने मुझे मजबूत बनाया : सुम्बुल तौकीर हार्ट हेल्थ के लिए रामबाण हैं योगासन, तनाव और चिंता से मिलेगी राहत फीफा वर्ल्ड कप : अमेरिका ने धमाकेदार जीत के साथ किया आगाज, पराग्वे को एकतरफा मुकाबले में 4-1 से हराया 14 जून का पंचांग : पुरुषोत्तम मास के 29वें दिन दर्श अमावस्या, नोट कर लें शुभ-अशुभ समय बाबा महाकाल का रजत आभूषण, बेलपत्र और रुद्राक्ष की माला से भव्य श्रृंगार साइल लारिन के गोल ने कनाडा को दिलाया फीफा वर्ल्ड कप में पहला प्वाइंट, 1-1 से ड्रॉ रहा बोस्निया और हर्जेगोविना के खिलाफ मुकाबला वरुण धवन ने बताया कि सारा अली खान से पहली मुलाकात का किस्सा द्रौपदी मुर्मू ने आईएमए पासिंग आउट परेड का जायजा लिया, महिला कैडेट्स की उपलब्धि की सराहना की स्वस्थ जीवन के लिए हेल्दी लिवर जरूरी, स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया 'सुरक्षा कवच' का महत्व दिनभर रहती है थकान और सुस्ती? नजरअंदाज करना पड़ सकता है भारी धर्मेंद्र प्रधान ने नेफियू रियो से की मुलाकात

 

माना पटेल : 8 साल की उम्र में शुरू की तैराकी, इंजरी से राह हुई मुश्किल, फिर ओलंपिक में क्वालीफाई कर रचा इतिहास

Sports News
Listen to this article

Web Admin

Web Admin

5 Dariya News

नई दिल्ली , 17 Mar 2026

Last updated on: Mar 18, 2026, 11:32 IST

एक बड़ी पुरानी कहावत है, "पूत के पांव पालने में ही दिख जाते हैं।" यह लाइनें भारत की तैराक माना पटेल पर पूरी तरह से फिट बैठती हैं। माना का तैराकी से दूर-दूर तक वास्ता नहीं था। 8 साल की उम्र में माना की मां ने उनको तैराकी में सिर्फ इसलिए उतारा ताकि उनकी भूख खुल जाए और वह अच्छे से खाना शुरू कर दें। मां का वह फैसला माना की जिंदगी का सबसे अहम फैसला साबित हुआ। 

माना पटेल का जन्म 18 मार्च 2000 को अहमदाबाद के गुजरात में हुआ। महज 8 साल की उम्र में स्विमिंग पूल में उतरते ही माना इस तरह से तैराकी करने लगीं, जैसे वह इस खेल से काफी लंबे समय से जुड़ी हुई हैं। माना धीरे-धीरे इस खेल में रम गईं और उन्होंने क्लब स्तर पर कई बड़ी उपलब्धियों को अपने नाम करना शुरू कर दिया।

माना बेहद कम समय में तैराकी में लड़कों को भी पीछे छोड़ने लगीं। महज 13 साल की उम्र में माना ने जूनियर नेशनल स्तर का रिकॉर्ड तोड़ा। इसके बाद दक्षिण एशियाई खेलों में भी उन्होंने 2 स्वर्ण समेत कुल 6 पदक अपने नाम किए। साल 2018 में सीनियर नेशनल चैंपियनशिप में माना ने 3 स्वर्ण पदक जीते। वहीं, 2019 में उन्होंने एशियाई चैंपियनशिप में एक स्वर्ण, 4 रजत और 1 कांस्य पदक जीता।

साल 2017 में माना पटेल का कंधा बुरी तरह से चोटिल हो गया और वह इस साल किसी भी प्रतियोगिता में हिस्सा नहीं ले सकीं। भारतीय तैराक ने अपना पूरा ध्यान रिहैब पर लगाया। हालांकि, इस मुश्किल समय में माना का छह किलो वजन भी कम हो गया। माना को एक समय पर ऐसा भी लगा कि उन्हें शायद तैराकी छोड़ देनी चाहिए। 

हालांकि, माना हालातों से हारने वाली खिलाड़ी नहीं थीं और इसके बाद उन्होंने जोरदार वापसी की। माना का बैकस्ट्रोक स्पर्धाओं में कोई जवाब नहीं है। साल 2020 में माना ने टोक्यो ओलंपिक के लिए क्वालीफाई करते हुए इतिहास रच दिया। माना यह उपलब्धि हासिल करने वाली पहली भारतीय महिला तैराक बनीं।

माना ने लाख मुश्किलों के बावजूद हार नहीं मानी और अपने बुंलद हौसलों के दम पर कामयाबी हासिल की। माना पटेल की सफलता के पीछे उनकी कड़ी मेहनत, अनुशासन और आत्मविश्वास का बड़ा योगदान रहा। उन्होंने यह साबित किया है कि यदि लक्ष्य स्पष्ट हो और मेहनत सच्ची हो, तो किसी भी बाधा को पार किया जा सकता है। 

आज वह न केवल एक सफल खिलाड़ी हैं, बल्कि देश के युवा खिलाड़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत भी बन चुकी हैं। भविष्य में माना पटेल से और भी बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद की जा रही है। भारतीय खेल जगत को उनसे आने वाली अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में पदकों की उम्मीद है। उनकी यात्रा यह दर्शाती है कि समर्पण और दृढ़ निश्चय से किसी भी सपने को साकार किया जा सकता है।

 

Tags: Sports News

 

 

related news

 

 

 

Photo Gallery

 

 

Video Gallery

 

 

5 Dariya News RNI Code: PUNMUL/2011/49000
© 2011-2026 | 5 Dariya News | All Rights Reserved
Powered by: CDS PVT LTD