भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने शुक्रवार को 500 और 1000 रुपये के नोटों के विमुद्रीकरण के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के फैसले की आलोचना करने वाले विपक्षी दलों को निशाने पर लेते हुए कहा कि ऐसा कर उन्होंने खुद को बेनकाब किया है। भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ने यहां संवाददाताओं से कहा कि वह नहीं समझ पा रहे हैं कि कांग्रेस, बहुजन समाज पार्टी (बसपा), समाजवादी पार्टी (सपा) और आम आदमी पार्टी (आप) जैसी पार्टियां क्यों विमुद्रीकरण की आलोचना कर रही हैं, जबकि वे काला धन के खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रहे थे।उन्होंने कहा, "कर चोरी करने वालों, आतंकवादियों, नक्सलियों और काला बाजारी में शामिल लोगों की समस्याएं समझ सकता हूं, पर मैं इन राजनीतिक दलों की समस्याएं नहीं समझ पा रहा.. वे 500 और 1000 रुपये के नोटों के विमुद्रीकरण का विरोध क्यों कर रहे हैं?"शाह ने कहा कि इन राजनीतिक पार्टियों ने सरकारी कदम का विरोध कर खुद को बेनकाब किया है।उन्होंने कहा, "मैं उनसे पूछना चाहता हूं कि वे काला धन के खिलाफ हैं या नहीं। कांग्रेस, आप, सपा और बसपा को राष्ट्र को इस बारे में स्पष्ट करना चाहिए।"भाजपा अध्यक्ष ने कहा कि यह एक सुनियोजित निर्णय है और इससे काला धन तथा नकली मुद्रा को व्यवस्था से बाहर करने में मदद मिलेगी।