पीयूष गोयल ने आज कोयला मंत्री का पदभार संभाल लिया। इस अवसर पर पीयूष गोयल ने संवाददाताओं से कहा कि बिजली और कोयला क्षेत्र के बीच सहक्रिया स्थापित करना बहुत महत्वपूर्ण है। ऊर्जा क्षेत्र को अधिक गतिशील बनाना सरकार की प्राथमिकता है। श्री गोयल ने आशा प्रकट की कि मंत्रालय खनन परियोजनाओं को तेजी से अनुमति दिलाने के लिए पर्यावरण मंत्रालय के साथ मिलकर काम करेगा। उन्होंने कहा कि देश के पर्यावरण हित भी ध्यान में रखे जाएंगे। उन्होंने कहा कि बिजली क्षेत्र में निजी निवेश को प्रोत्साहन देना भी बहुत महत्वपूर्ण है। सरकार निवेश को बढ़ावा देने के लिए हर संभव सहायता देगी।मंत्री महोदय ने मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारियों और कोल इंडिया लिमिटेड के अध्यक्ष के साथ कोयला क्षेत्र के विभिन्न मुद्दों पर गहन विचार विमर्श किया। इन मुद्दों के बारे में मंत्री जी को अवगत कराने के लिए अधिकारियों ने प्रस्तुति भी दी। श्री गोयल चार्टर्ड एकाउंटेंट और विधि स्नातक हैं। वे महाराष्ट्र से राज्य सभा सांसद के रूप में रक्षा मंत्रालय की सलाहकार समिति और फाइनैंस पर संसदीय स्थायी समिति से भी जुड़े रहे हैं। वे आदिवासी शिक्षा और शारीरिक रूप से विकलांग जनों के कल्याण जैसे विविध क्षेत्रों में एनजीओ के साथ भी काम कर चुके हैं।