भारतीय सेना को मिले 20 एडवांस रेस्क्यू सिस्टम, बचाएंगे बर्फीले पहाड़ों में हिमस्खलन से जवानों की जान
Monday, 20 May 2024

 

 

खास खबरें दस साल से रेलवे लाइन का राग ही अलाप रहे अनुराग, मंजूरी तक नहीं दिला पाए : मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू पंजाबियों से दिल्ली स्थित पार्टियों को खारिज करने की अपील की जो लोगों को बांटने पर तुली हुई हैं: सरदार सुखबीर सिंह बादल राजा वड़िंग ने प्रॉपर्टी रजिस्ट्रेशन के लिए एनओसी पर सीएम मान के झूठे वादे को किया उजागर कांग्रेस नेता गुरिंदर सिंह ढिल्लों ने किसानों के लिए एमएसपी की कानूनी गारंटी का समर्थन किया दक्षिणी विधानसभा क्षेत्र में गुरजीत सिंह औजला के पक्ष में चुनावी रैलियां गुरजीत सिंह औजला ने राजासांसी और अटारी विधानसभा क्षेत्रों में लोगों से मुलाकात की नालागढ़ के आजाद विधायक का नया नाम 'केएल बिके' : सुखविंदर सिंह सुक्खू गुरजीत सिंह औजला ने की प्रवासियों की सराहना हम संसद में पंजाब के हक्कों की रक्षा के लिए लड़ेंगे: मीत हेयर समाना हलके से एनके शर्मा की जीत को यकीनी बनाएंगे: सुरजीत सिंह रखड़ा खन्ना द्वारा लोगों से बीजेपी के पक्ष में वोट की अपील मुख्यमंत्री भगवंत मान ने फरीदकोट से आप उम्मीदवार करमजीत अनमोल के लिए जैतो और मोगा में किया प्रचार, भारी वोटों से अनमोल को जिताने की अपील की पंजाब में लगातार बढ़ता जा रहा है आम आदमी पार्टी का कुनबा, कई बड़े नेता आप में हुए शामिल राजपुरा में पंजाब का मुख्य औद्योगिक केंद्र बनने की सभी विशेषताए : परनीत कौर श्री आनंदपुर साहिब में लाऊंगा कॉटन उद्योग का बड़ा प्रोजेक्ट: डा. सुभाष शर्मा पंजाब के औद्योगिक विकास को देंगे गति, लाएंगे टॉप पर : विजय इंदर सिंगला कांग्रेस पार्टी के लोकसभा उम्मीदवार विजय इंदर सिंगला की जीत सुनिश्चित होगी : गुरप्रताप पडियाला दर्जी के पास ही पड़ा रहेगा जयराम का नया काला कोट, दिन में सपने देखना छोड़ें : ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू 2024 लोकसभा चुनाव ऐतिहासिक : पवन खेड़ा अमृतपाल को बंदी सिंह की श्रेणी में नही रखा जा सकता : सुखबीर सिंह बादल शिरोमणी अकाली दल ने चुनाव आयोग से किसानों को धमकाने के लिए हंसराज हंस के खिलाफ कार्रवाई करने का आग्रह किया

 

भारतीय सेना को मिले 20 एडवांस रेस्क्यू सिस्टम, बचाएंगे बर्फीले पहाड़ों में हिमस्खलन से जवानों की जान

स्वीडन से सेना को मिले 20 एडवांस रेस्क्यू सिस्टम, इनमें से हर एक सिस्टम एक वक्त में 50 सैनिकों का पता लगा सकता है.

Indian Army, Indian Army News, Advance Rescue System, Advance Rescue System Army, Advance Rescue System Army News, Advance Rescue System Army News In Hindi
Listen to this article

5 Dariya News

नई दिल्ली , 22 Jul 2022

भारतीय सेना के लिए अब बर्फीले पहाड़ों में होने वाले हिमस्खलन में अब अपनी जान नहीं गवाने पड़ेगी। भारतीय सेना ने विदेश से 20 अत्याधुनिक एवलॉन्च रेस्क्यू सिस्टम खरीदे हैं, जो बर्फ के नीचे दबे सैनिकों का जल्दी से पता लगाने में सक्षम हैं. 

ये पहली बार है जब देश को इस तरह के एडवांस सिस्टम मिले हैं.मीडिया रिपोर्ट के अनुसार रक्षा मंत्री ने बताया कि इन उपकरणों को सेना की उत्तरी कमान के अलग-अलग सेक्टर स्टोर में भेजा जाएगा. सेना ने ये हिमस्खलन बचाव प्रणालियां स्वीडन की कंपनी से खरीदी हैं. भारत ने इस तरह के उपकरणों को मगवाने का आर्डर दो साल पहले दिया था जो अब जाकर भारत के हाथ लगे हैं. 

ALSO READ हिमाकत करने से बाज नहीं आ रहा है चीन,नेपाल से लगी सीमा पर बसाया अपना गांव,भारत ने किया आगाह

भारतीय सेना के बचाव के लिए ये एक बहुत ही बेहतरीन कदम है. सूत्रों ने बताया कि सेना अभी तक हिमस्खलन में सैनिकों को ढूंढने के लिए बेसिक डिटेक्टर और जमीन के अंदर खोज करने वाले रडार से ही कम चला रही थी. पिछले कुछ वर्षों में सियाचिन ग्लेशियर, कश्मीर और पूर्वोत्तर के बेहद ऊंचाई वाले इलाकों में हुए हिमस्खलन में बड़ी संख्या में सैनिकों के शहीद होने के बाद अत्याधुनिक रेस्क्यू सिस्टम की जरूरत महसूस की थी.

बर्फ में दबे सैनिकों को ऐसे बचाएगा

स्वीडन से मंगवाए जाने वाले इन उपकरणों में 150 ट्रांसपोंडर लगे हैं कंपनी की बेवसाइट के मुताबिक, रेस्क्यू सिस्टम में लगे डिटेक्टर रडार सिग्नल छोड़ते हैं, जो रिफलेक्टर से टकराकर वापस संकेत देते हैं. हर सैनिक पर 3 रिफलेक्टर लगाने होते हैं. रेस्क्यू सिस्टम में लगे रडार इन्हीं रिफलेक्टरों से सैनिक का पता लगाते हैं.

इस तरह के हर एक सिस्टम से एक वक्त में 50 सैनिकों का पता लगाया जा सकता है. सूत्रों ने बताया कि जब कोई व्यक्ति बर्फ में दब जाता है, तो शुरुआती 25 मिनट जान बचाने के लिए सबसे महत्वपूर्ण होते हैं. अक्सर बर्फ में पता नहीं चलता कि व्यक्ति किस जगह पर दबा है. ऐसे में ये नया सिस्टम काफी काम आएगा. 

इसमें लगे रिफ्लेक्टर काफी हल्के होते हैं. इसमें डायोड और एंटीना के साथ-साथ 150 ट्रांसपोंडर लगे हुए हैं. इसे इस्तेमाल करने के लिए बिजली की भी आवश्यकता नहीं है. डिटेक्टर जैसे-जैसे रिफ्लेक्टर के पास पहुंचता है वैसे ही रडार सिस्टम मजबूत हो जाता है इस तरह इस उपकरण से बर्फ़ में दबे व्यक्ति की सही जानकारी मिल जाएगी। 

भूस्खलन जैसी आपदाओं में भी है कामयाब 

रक्षा सूत्रों के मुताबिक इन उपकरणों का उपयोग भूस्खलन जैसी आपदाओं में भी किया जा सकता है. ऐसे यदि कहीं इमारत ढह जाने पर मलबे में फंसे पीड़ितों की जान बचाने के लिए भी किया जा सकता है. इस तरह के कार्यों के लिए सेना अलग से और बचाव सिस्टम खरीद सकती है.

 

Tags: Indian Army , Indian Army News , Advance Rescue System , Advance Rescue System Army , Advance Rescue System Army News , Advance Rescue System Army News In Hindi

 

 

related news

 

 

 

5 Dariya News RNI Code: PUNMUL/2011/49000
© 2011-2024 | 5 Dariya News | All Rights Reserved
Powered by: CDS PVT LTD