पंजाब कांग्रेस के सांसदों ने बरनाला में दलित सफाई कर्मचारियों पर पुलिस ज्यादती की जांच के लिए एनसीएससी से की अपील
अनुसूचित जाति के सफाई कर्मचारियों पर लाठीचार्ज के संबंध में आयोग को सौंपा ज्ञापन
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नई दिल्ली 28-Jul-2026
कांग्रेस सांसदों के एक प्रतिनिधिमंडल ने मंगलवार को राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग (एनसीएससी) को एक ज्ञापन सौंपकर बरनाला में प्रदर्शन कर रहे अनुसूचित जाति समुदाय के सफाई कर्मचारियों पर पुलिस द्वारा की गई कथित बर्बर कार्रवाई के मामले में तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है। इस अवसर पर एनसीएससी के अध्यक्ष किशोर मकवाना के नाम दिए गए ज्ञापन में कहा गया है कि अपने जायज अधिकारों और मांगों को लेकर शांतिपूर्ण ढंग से प्रदर्शन कर रहे सफाई कर्मचारियों पर पुलिस ने अत्यधिक बल प्रयोग किया, जिसमें लाठीचार्ज भी शामिल था।
इस दौरान पंजाब कांग्रेस के अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने सफाई कर्मचारियों पर हुई पुलिस कार्रवाई के लिए मुख्यमंत्री भगवंत मान को जिम्मेदार ठहराते हुए कहा कि पुलिस गृह विभाग के अधीन आती है और गृह विभाग मुख्यमंत्री के पास है। वड़िंग ने सफाई कर्मचारियों को "भगवान के बंदे" बताते हुए, कहा कि यही लोग हर जगह स्वच्छता सुनिश्चित करते हैं।
कांग्रेस सांसदों, जिनमें पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग, डॉ. अमर सिंह, डॉ. धर्मवीर गांधी और गुरजीत सिंह औजला शामिल थे, ने कहा कि प्रदर्शनकारी सफाई कर्मचारियों की शिकायतें सुनने की बजाय जिला प्रशासन और पुलिस ने बल प्रयोग किया, जिससे कई सफाई कर्मचारी घायल हो गए। सांसदों ने इस घटना की निष्पक्ष जांच कराने और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ उचित कानूनी कार्रवाई की मांग की।
घटना को अत्यंत गंभीर बताते हुए, उन्होंने कहा कि यह अनुसूचित जाति समुदाय के सदस्यों के संवैधानिक अधिकारों, सम्मान और सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े करती है। प्रतिनिधिमंडल ने आयोग से अपील की है कि वह अपने संवैधानिक अधिकारों का उपयोग करते हुए इस मामले की जांच करे, पंजाब सरकार और बरनाला जिला प्रशासन से रिपोर्ट तलब करे, निष्पक्ष जांच सुनिश्चित कराए और प्रभावित सफाई कर्मचारियों के अधिकारों की रक्षा के लिए आवश्यक कदम उठाने की सिफारिश करे।
ज्ञापन में कानून के अनुसार जिम्मेदारी तय करने की भी मांग की गई है और आयोग से इस मामले में तत्काल हस्तक्षेप करने की अपील की गई है। इस दौरान कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल ने उम्मीद जताई कि आयोग इस मामले को गंभीरता से लेते हुए अनुसूचित जाति समुदाय के अधिकारों की रक्षा के लिए उचित कार्रवाई करेगा।
बाद में पत्रकारों से बातचीत करते हुए, वड़िंग ने कहा कि इस पूरे मामले की जिम्मेदारी मुख्यमंत्री भगवंत मान की है, क्योंकि पुलिस उनके अधीन गृह विभाग के अंतर्गत आती है। उन्होंने कहा कि जिस तरह बरगाड़ी में शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों पर हुई पुलिस फायरिंग के लिए सुखबीर बादल को जवाबदेह माना जाता है, उसी तरह मुख्यमंत्री और गृह मंत्री होने के नाते भगवंत मान भी सफाई कर्मचारियों पर हुई पुलिस कार्रवाई के लिए जवाबदेह हैं।
उन्होंने यह भी घोषणा की कि पंजाब कांग्रेस इस मामले को लेकर पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय का दरवाजा भी खटखटाएगी तथा दोषी पुलिस कर्मियों के खिलाफ कार्रवाई और सफाई कर्मचारियों को न्याय दिलाने की मांग करेगी।