5 Dariya News

महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रुति चौधरी ने किया करनाल में आंगनवाड़ी केंद्र का औचक निरीक्षण

मंत्री श्रुति चौधरी ने केंद्र में बच्चों को दिए जाने वाले भोजन की गुणवत्ता को भी जांचा

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करनाल 22-Apr-2025

हरियाणा की महिला एवं बाल विकास तथा सिंचाई एवं जल संसाधन मंत्री श्रुति चौधरी ने आज करनाल जिले के झंझाड़ी गांव स्थित आंगनबाड़ी केंद्र का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने केंद्र की व्यवस्थाओं का जायजा लिया और जिला कार्यक्रम अधिकारी को आवश्यक दिशा निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान मंत्री श्रीमती श्रुति चौधरी ने आंगनबाड़ी केंद्र के विभिन्न रजिस्टरों की जांच की। बच्चों की उपस्थिति, पोषण और स्वास्थ्य संबंधी रिकॉर्ड का निरीक्षण किया।

उन्होंने केंद्र में बच्चों को दिए जाने वाले भोजन की गुणवत्ता को भी जांचा। इस दौरान उन्होंने केंद्र में मौजूद बच्चों से स्नेहपूर्वक बातचीत की और उनकी शिक्षा एवं स्वास्थ्य संबंधी जानकारी प्राप्त की। उन्होंने बच्चों को मिलने वाली सुविधाओं के बारे में भी जानकारी ली। मंत्री ने आंगनवाड़ी केंद्र में साफ-सफाई व्यवस्था, पर्याप्त रोशनी और बच्चों की संख्या के अनुरूप उचित स्थान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आंगनबाड़ी केंद्र बच्चों के प्रारंभिक विकास के लिए महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। 

यहां सुरक्षित वातावरण बनाए रखना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं से बच्चों की देखभाल और पोषण पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। श्रीमती चौधरी ने कहा कि सरकार आंगनबाड़ी केंद्रों को बेहतर बनाने और उन्हें सभी आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। निरीक्षण के दौरान महिला एवं बाल विकास विभाग के जिला अधिकारी सहित अन्य कर्मचारी भी उपस्थित रहे।

सिंचाई एवं जल संसाधन मंत्री श्रीमती श्रुति चौधरी ने करनाल में पश्चिमी यमुना नहर पर मिट्टी कटाव को रोकने के लिए चल रहे निर्माण कार्य का भी निरीक्षण किया।  उन्होंने कार्य की प्रगति का जायजा लिया और अधिकारियों को इसे समय पर पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार किसानों और नागरिकों के हितों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है। 

नहरों में मिट्टी कटाव की समस्या से आसपास के क्षेत्रों में बाढ़ का खतरा बढ़ जाता है। सरकार इस समस्या को गंभीरता से ले रही है और इसके स्थायी समाधान के लिए हर संभव कदम उठा रही है। उन्होंने अधिकारियों को निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने और कार्य को निर्धारित समय में पूरा करने के निर्देश दिए।