राज्यपाल ने महामहिम दलाई लामा को डी.लिट की उपाधि से अलंकृत किया
5 दरिया न्यूज
शिमला 19-Mar-2014
हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय का 21वां दीक्षांत समारोह आज विश्वविद्यालय के सभागार में आयेजित किया गया जिसमें तिब्बती धर्म गुरू महामहिम दलाईलामा मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। प्रदेश की राज्यपाल श्रीमती उर्मिला सिंह जो प्रदेश विश्वविद्यालय की कुलाधिपति भी हैं, ने इस मौके पर महामहिम दलाई लामा को मानद डी.लिट की उपाधि से सम्मानित किया।महामहिम दलाई लामा और श्रीमती उर्मिला सिंह ने दीक्षांत समाोह के दौरान 123 मेधावी विद्यार्थियों को स्वर्ण पदक व प्रमाण-पत्र और 194 विद्यार्थियों को पी.एचडी की उपाधियां प्रदान कीं। प्रो. एस.आर. मेहरोत्रा को समाज विज्ञान में उल्लेखनीय योगदान के लिए मानद डि.लिट उपाधि प्रदान की गई। सम्मेलन की अध्यक्षता करते हुए राज्यपाल ने शैक्षणिक संस्थानों में उपयुक्त वातावरण विकसित करने पर बल दिया ताकि प्रत्येक विद्यार्थी को आगे बढ़ने और विकास के अवसर मिल सकें। उन्होंने कहा कि प्रत्येक विद्यार्थी होनहार होता है और यह अध्यापकों की जिम्मेवारी है कि वे विद्यार्थियों को प्रोत्साहित करने के साथ-साथ उनका उचित मार्गदर्शन करें ताकि उनकी क्षमता का सही मायने में समाज एवं उनके व्यक्तिगत विकास की दिशा में मोड़ा जा सके। श्रीमती उर्मिला सिंह ने कहा कि युवा राष्ट्र निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। युवाओं को सामाजिक गतिविधियों में भाग लेना चाहिए क्योंकि जिम्मेवार और जागरूक युवा ही समाज व राष्ट्र को सशक्त बना सकते हैं। उन्होंने कहा कि युवा समाज की रीढ़ हैं जिन्हें राष्ट्र की उन्नति के लिए अपना श्रेष्ठ योगदान देने के लिए आगे आना चाहिए।
शिक्षकों के महत्व पर प्रकाश डालते हुए राज्यपाल ने कहा कि शिक्षकों को आदर्श के रूप में देखा जाता है इसलिए उन पर विद्यार्थियों के भविष्य को सकारात्मक दिशा प्रदान करने की महत्वपूर्ण जिम्मेवारी होती है। समाज के प्रति शिक्षकों की एक बहुत बड़ी जिम्मेवारी होती है, इसलिए अपने आचरण और ज्ञान के माध्यम से उन्हें अनुकरणीय उदाहरण प्रस्तुत करने चाहिए।उन्होंने डिग्रियां और मेडल हासिल करने वाले विद्यार्थियों को बधाई देते हुए उनका आह्वान किया कि अपने-अपने क्षेत्र में ईमानदारी से कार्य करते हुए समाज कल्याण की दिशा में भी अपना योगदान दें ताकि अन्य विद्यार्थी भी उनसे प्रेरणा ले सकें।विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. ए.डी.एन. बाजपेयी ने धन्यवाद प्रस्ताव रखा। राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग के उपाध्यक्ष एवं विधायक श्री रवि ठाकुर, विधायक एवं विश्विद्यालय कार्यकारिणी परिषद् सदस्य श्री बंबर ठाकुर, विश्वविद्यालय कार्यकारिणी परिषद् सदस्य श्री चंद्रशेखर, पुलिस महानिदेशक श्री संजय कुमार, विश्वविद्यालय के विभिन्न विभागों के शिक्षक और गैर-शिक्षक, विद्यार्थी और शहर के कई गणमान्य व्यक्ति इस अवसर पर उपस्थित थे।