जनहित से जुड़े मुद्दों को और प्रभावी तरीके से उजागर करें: मल्होत्रा
5 दरिया न्यूज
शिमला 16-Nov-2013
शिमला के उपायुक्त दिनेश मल्होत्रा ने कहा कि जनहित के मामलों को प्रमुखता से उठाने में मीडिया का महत्वपूर्ण योगदान है। उन्होंने कहा कि मीडिया समाज के प्रति जबावदेह है। श्री मल्होत्रा आज यहां सूचना एवं जन सम्पर्क विभाग द्वारा आयोजित राज्य स्तरीय राष्ट्रीय प्रेस दिवस समारोह की अध्यक्षता करते हुए बोल रहे थे। राष्ट्रीय प्रेस दिवस का विषय था ‘जनहित सेवा में मीडिया की भूमिका’। उन्होंने कहा कि प्रेस लोकतंत्र का चैथा महत्वपूर्ण स्तम्भ है, जो लोगों की आकांक्षाओं के अनुरूप अधिक जिम्मेवारी से कार्य कर रहा है। उन्होंने जनहित से जुडे़ मामलों को और प्रभावी तरीके से उठाने पर बल दिया। उन्होंने कहा कि समाज कल्याण के लिए मीडिया द्वारा उठाया गया जनहित का प्रत्येक मामला सरकार के लिए महत्व रखता है, क्योंकि मीडिया ही सरकार के लिए फीडबैक का बेहतर माध्यम है। जनहित सेवा में मीडिया की भूमिका विषय पर प्रकाश डालते हुए उन्होंने कहा कि वर्तमान परिस्थितियों में व्यवसायिक प्रतिस्पर्धा के बावजूद मीडिया को अपने कर्तव्यों, उद्देश्यों एवं लक्ष्यों के प्रति और प्रतिबद्ध होने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि समाज के कल्याण के लिए जनहित से जुड़े मामलों को पर्याप्त स्थान दिया जाना चाहिए। सूचना एवं जन सम्पर्क विभाग के निदेशक श्री राकेश शर्मा ने कहा कि प्रेस की शक्ति का उपयोग लोकतंत्र के कल्याण के लिए किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि प्रेस न केवल जनहित के लिए ही कार्य करती है, बल्कि हमारे समृद्ध सांस्कृतिक मूल्यों का भी संरक्षण करती है।
उन्होंने कहा कि लक्ष्यों एवं उद्देश्यों की प्राप्ति पर आत्म विवेचन करने की आवश्यकता है, जिसके लिए भारत प्रेस परिषद का गठन किया गया। उन्होंने कहा कि मीडिया को विभिन्न मुद्दों को उठाते वक्त अपने व्यापक दृष्टिकोण का उपयोग करना चाहिए तथा स्वयं को लक्ष्यों एवं उद्देश्यों के विश्लेषण के लिए प्रेरित करना चाहिए। दैनिक जागरण समाचार पत्र के हिमाचल संस्करण की सम्पादक श्रीमती रचना गुप्ता ने इस अवसर पर कहा कि मौजूदा उदारीकरण एवं वैश्वीकरण के इस गलाकाट प्रतिस्पर्धा के दौर में मीडिया रचनात्मक भूमिका निभा रहा है। उन्होंने कहा कि इस वैश्विक प्रतिस्पर्धा में समाचार सामग्री के चयन तथा खबरों की योजना में मीडिया व्यवसायी अनेक चुनौतियों का सामना कर रहे हैं, जबकि अन्ततः जनहित से जुड़े मुद्दों का निर्धारण पाठक ही तय करते हैं।उन्होंने कहा कि विभिन्न समाचार पत्रों में जन समस्याओं को उजागर करते समाचारों पर अनेक वैधानिक इकाइयांे, उच्च न्यायालय एवं महिला आयोग में स्वतः संज्ञान लिया है। उन्होंने कहा कि राज्य महिला आयोग में 80 प्रतिशत विचाराधीन मामले ऐसे हैं, जिन्हें समाचार पत्र में प्रकाशित होने के पश्चात् आयोग ने स्वयं संज्ञान लिया है। उन्होंने कहा कि डिजीटल प्रौद्योगिकी आने के पश्चात् सोशल एवं डिजीटल मीडिया, प्रिंट मीडिया के लिए चुनौती बनकर उभरा है परन्तु प्रिंट मीडिया की अपनी विश्वसनीयता एवं मूल्य है।
दैनिक भास्कर समाचार पत्र के हिमाचल संस्करण के स्थानीय सम्पादक श्री संदीप उपाध्याय ने कहा कि समाचार पत्र में जनहित से जुड़ी खबरों का विशेष महत्व है और इनके प्रकाशन में व्यवसायिक दृष्टिकोण को भी नजरअंदाज किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि मीडिया द्वारा उठाया जाने वाला प्रत्येक मामला किसी न किसी रूप में जनहित से ही जुड़ा रहता है। मीडिया का यह प्रयास रहना चाहिए कि समाचारों में तथ्यात्मक सूचना और घटनाओं की सही तस्वीर पाठकों तक पहुंच सके। उन्होंने कहा कि प्रत्येक समाचार पत्र संगठन राष्ट्र एवं समाज के प्रति जिम्मेदारी एवं जवाबदेही के साथ कार्य करता है। व्यापक प्रसार संख्या वाले समाचार पत्र जनहित से जुड़े समाचारों तथा लोगों की समस्याओं को विशेष स्थान देते हैं ताकि अपने पाठकों में उनकी विश्वसनीयता बनी रहे। उन्होंने कहा कि मौजूदा परिपेक्ष्य में मीडिया बेहतर संस्थान बनकर उभरा है, जहां पत्रकारों की समपर्ण, दक्षता एवं उत्कृष्टता के आधार पर बेहतर अवसर उपलब्ध हैं। हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय में पत्रकारिता विभाग की प्रवक्ता प्रो. वीरबाला अग्रवाल ने नागरिक पत्रकारिता के महत्व को उजागर किया। उन्होंने कहा कि मीडिया में जबावदेही एवं पारदर्शिता को हर कीमत पर बनाए रखा जाना चाहिए। इस अवसर पर आयोजित परिचर्चा के दौरान अनेक वरिष्ठ पत्रकारों ने अपने बहुमूल्य सुझाव दिए और नवोदित पत्रकारों ने मुख्य वक्ताओं से प्रश्न भी पूछे। सूचना एवं जन सम्पर्क विभाग के संयुक्त निदेशक श्री आर.एस.नेगी ने धन्यवाद प्रस्ताव प्रस्तुत किया। शिमला प्रेस क्लब के अध्यक्ष श्री ज्ञान ठाकुर, वरिष्ठ पत्रकार, प्रेस संवाद्दाता तथा सूचना एवं जन सम्पर्क विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी भी इस अवसर पर उपस्थित थे।