हिमाचल में गैर मौसमी सब्जियों की रिकार्ड पैदावार
5 दरिया न्यूज
शिमला (आईएएनएस) 04-Nov-2013
हिमाचल प्रदेश ने गैर मौसमी सब्जियों के मामले में पिछले तीन वर्षो में लक्ष्य से अधिक पैदावार कर रिकार्ड कायम किया है। वर्ष 2011-12 में 13 लाख मीट्रिक टन गैर मौसमी सब्जियों के पैदावार का लक्ष्य रखा गया था जिसके मुकाबले 13.56 लाख मीट्रिक टन सब्जियों का रिकार्ड उत्पादन किया गया। इनमें मटर, टमाटर और बंदगोभी का विशेष रूप से उत्पादन किया गया। हिमाचल प्रदेश की पहाड़ियों पर गैर मौसमी सब्जियों का उत्पादन तेजी से लोकप्रिय व्यवसाय के रूप में उभर रहा है। राज्य का वातावरण गैर मौसमी सब्जियों के उत्पादन के लिए 'प्राकृतिक ग्लास हाऊस' के रूप में सहायक सिद्ध हो रहा है। राज्य में पिछले तीन वर्षो के दौरान गैर मौसमी सब्जियों का उत्पादन लक्ष्य से ज्यादा दर्ज किया जा रहा है।राज्य में वर्ष 2009-10 में 57,000 हेक्टेयर भूमि में 11.55 लाख मीट्रिक टन गैर मौसमी सब्जियों के उत्पादन का लक्ष्य रखा गया था जिसके मुकाबले 63,879 हेक्टेयर भूमि पर 12,062,42 मीट्रिक टन हरी सब्जियों का उत्पादन हुआ।राज्य में 2010-11 के दौरान 60,000 हेक्टेयर भूमि पर 12.50 लाख मीट्रिक टन गैर मौसमी सब्जियों के उत्पादन का लक्ष्य रखा गया था जिसके मुकाबले 65,075 हेक्टेयर क्षेत्र में 12,68,897 मीट्रिक टन का उत्पादन हुआ।
राज्य में वर्ष 2011-12 के दौरान 65,000 हेक्टेयर भूमि पर 13 लाख मीट्रिक टन गैर मौसमी सब्जियों के उत्पादन का लक्ष्य रखा गया था जिसके मुकाबले 67,968 हेक्टेयर भूमि पर 13,56,600 मीट्रिक टन सब्जियों का उत्पादन हुआ।राज्य सरकार ने 12वीं पंचवर्षीय योजना के अंत तक 70,000 हेक्टेयर भूमि पर 15 लाख मीट्रिक टन गैर मौसमी सब्जियों के उत्पादन का लक्ष्य रखा है लेकिन कृषि में विविधिकरण की योजनाओं के सार्थक परिणामों तथा सरकार द्वारा गैर मौसमी सब्जियों के उत्पादन को बढ़ावा देने की अनेक प्रोत्साहन योजनाओं के मद्देनजर 12वीं योजना के उत्पादन लक्ष्य को पहले ही पार कर लिया जाएगा।राज्य में वर्ष 2009-10 के दौरान कुल 12,06,242 मीट्रिक टन उत्पादन में से 2,37,276 मीट्रिक टन मटर, 3,83,824 मीट्रिक टन टमाटर तथा 1,44,624 मीट्रिक टन बंदगोभी का उत्पादन हुआराज्य में मटर, टमाटर तथा बंदगोभी का कुल उत्पादन 7,65,724 मीट्रिक टन दर्ज किया गया जोकि कुल उत्पादन का 73 प्रतिशत आंका गया है।
राज्य के जनजातीय जिलों किन्नौर तथा लाहौल स्पीति में कुल 85,337 मीट्रिक टन उत्पादन में से 64,370 मीट्रिक टन (75 प्रतिशत) उत्पादन हरे मटर का दर्ज किया गया।प्रति हेक्टेयर उत्पादन में सोलन में सर्वाधिक 28 मीट्रिक टन प्रति हेक्टेयर उत्पादन हुआ जिसके बाद सिरमौर (21.5 मीट्रिक टन) तथा कांगड़ा में 20 मीट्रिक टन प्रति हेक्टेयर उत्पादन दर्ज किया गया।राज्य में वर्ष 2010-11 के दौरान कुल 12,68,897 मीट्रिक टन गैर मौसमी सब्जी उत्पादन में से 2,54,177 मीट्रिक टन मटर, 3,88,426 मीट्रिक टन टमाटर तथा 1,44,233 मीट्रिक टन बंदगोभी का उत्पादन दर्ज किया गया जोकि कुल उत्पादन का 62 प्रतिशत आंका गया। इस वर्ष के दौरान कुल 65,075 हेक्टेयर क्षेत्रफल में से 36,192 हैक्टेयर (56 प्रतिशत) क्षेत्र शिमला, सोलन, मंडी तथा कांगड़ा जिलों में दर्ज किया गया।राज्य में वर्ष 2010-11 के दौरान जनजातीय जिलों किन्नौर तथा लाहौल स्पिति में कुल 93,566 मीट्रिक टन गैर मौसमी सब्जियों में से 61,775 मीट्रिक टन (66 प्रतिशत) उत्पादन हरे मटर का दर्ज किया गया । इस दौरान सोलन, सिरमौर तथा कांगड़ा में 28 मीट्रिक टन, 22 मीट्रिक टन तथा 21 मीट्रिक टन प्रति हेक्टेयर उत्पादन दर्ज किया गया।राज्य में वर्ष 2011-12 में कुल 13,56,600 मीट्रिक टन उत्पादन में से सोलन में सर्वाधिक 2,44,433 मीट्रिक टन उत्पादन हुआ जिसके बाद शिमला जिला में (2,09,496 मीट्रिक टन) तथा मंडी में 1,85,435 मीट्रिक टन उत्पादन दर्ज किया गया।